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ठाणे: महाराष्ट्र के ठाणे शहर में मोटर वाहन दुर्घटना दावा अधिकरण (एमएसीटी) ने 2019 में बस दुर्घटना के कारण 60 प्रतिशत दिव्यांग हुए व्यक्ति को 30.9 लाख रुपये मुआवजा प्रदान करने का आदेश सुनाया है।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार एमएसीटी के सदस्य एम. एम. वली मोहम्मद ने लक्जरी बस के मालिक और बीमाकर्ता ‘द न्यू इंडिया अश्योरेंस लिमिटेड कंपनी’ को दावा दाखिल किए जाने की तारीख से सात प्रतिशत ब्याज दर पर मुआवजे का भुगतान करने का आदेश दिया। ऐसा नहीं करने पर राशि की वसूली तक, आठ प्रतिशत की दर से ब्याज का भुगतान करना होगा।
पांच जून को पारित आदेश की प्रति मंगलवार को उपलब्ध कराई गई।
दावेदार की ओर से पेश अधिवक्ता सचिन माने ने अधिकरण को सूचित किया कि सोलापुर के मोहोल के निवासी पीड़ित ओंकार सुभाष शेंडे (24) एक निजी कंपनी में खेल विश्लेषक के रूप में काम करते थे और प्रति माह 20,200 रुपये कमाते थे।
वह 28 अक्टूबर, 2019 को शेंडे पुणे-सोलापुर रोड पर एक लग्जरी बस में यात्रा कर रहे थे।
न्यायाधिकरण को बताया गया कि चालक ने वाहन तेज गति से चलाया और दौंड के पास उसने एक अन्य बस को टक्कर मार दी।
दावेदार ने कहा कि उन्हें गंभीर चोट आईं, जिसके बाद दौंड और पुणे के अस्पतालों में उनका उपचार किया गया। दावेदार के अनुसार, उन्होंने उपचार पर तीन लाख रुपये खर्च किए और उनका इलाज अब भी जारी है।
माने ने बताया कि दावेदार 60 प्रतिशत दिव्यांग हो गया।
Published : 20 June 2023, 4:33 PM IST
Topics : एमएसीटी घायल ठाणे बस दुर्घटना महाराष्ट्र मुआवजा
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