आगरा: यूपी एसटीएफ ने फर्जी अध्यापकों की नियुक्ति के मामले में 16 को किया गिरफ्तार

डीएन ब्यूरो

उत्तर प्रदेश एसटीएफ ने फर्जी तरीके से सरकारी अध्यापकों की नियुक्ति से जुड़े बहुचर्चित मामले में 16 लोगों को छापेमारी के बाद गिरफ्तार कर लिया है। पूरी खबर..

फाइल फोटो
फाइल फोटो

आगरा: यूपी एसटीएफ के चीफ अमिताभ यश के निर्देशन में उनकी टीम राज्य में एक के बाद एक कई तरह के आपराधिक मामलों के खुलासों में जुटी हुई है। एसटीएफ ने सरकारी स्कूलों में फर्जी अध्यापकों की नियुक्ति से जुड़े चर्चित मामले में 16 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। जबकि इसी मामले में कई लोग एसटीएफ के रैडार पर हैं, जिन्हें जल्द दबोचा जा सकता है।

पढ़ा रहे थे छात्रों को

एसटीएफ ने इस मामले में सरकारी स्कूलों से जुड़े 9 जूनियर और प्राइमरी अध्यापकों को भी गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार किये गये टीचरों ने फर्जी कागजातों के आधार पर बिचौलियों की मदद से लाखों रूपये देकर नौकरी प्राप्त की थी। गिरफ्तार फर्जी अध्यापक पिछले 6 महीने से अलग-अलग स्कूलों में कार्यरत थे और छात्रों को पढ़ा रहे थे। इसके अलावा बीएसए कार्यालय में मौजूद दो कम्प्यूटक ऑपरेटरों और कलर्कों को भी गिरफ्तार किया गया।

गिऱफ्तार आरोपियों के नाम

रविंद्र सिंह (अध्यापक), चेतन आनंद (अध्यापक), सुभाष तेंतिया (अध्यापक), पुष्पिंद्र चौधरी (अध्यापक) और 9 अन्य नवनियुक्त अध्यापक व एक कलर्क।
राधा कृष्ण (कम्प्यूटर ऑपरेटर) मोहित भारद्वाज (कम्प्यूटर ऑपरेटर)।   

 

107 लोग एसटीएफ के रेडार पर 

एसटीएफ ने फर्जी आध्यापकों के अलावा 4 बिचौलियों को भी गिरफ्तार करने में सफलता पायी है। गिरफ्तार बिचौलिये लाखों रूपये देकर फर्जी कागजातों के आधार पर इस तरहा की नियुक्ति दिलाने का काम करते थे। यह गिरोह अब तक इसी तरीके से सैकड़ों लोगों को नियुक्ति दिला चुका है। अब तक एसटीएफ को ऐसे 107 नामों का पता चल चुका है। ये सभी मथुरा जनपद में तैनात हैं। एसटीएफ आने वाले कुछ दिनों में इस मामले में और भी गिरफ्तारियां कर सकता है। 
 

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