BCCI की कमान में लौटेंगे क्रिकेट के दिग्गज? गावस्कर ने सचिन-द्रविड़-कुंबले को लेकर दिया बड़ा सुझाव

सुनील गावस्कर ने बीसीसीआई की क्रिकेट एडवाइजरी कमेटी का दायरा बढ़ाने का सुझाव दिया है। उन्होंने सचिन तेंदुलकर, राहुल द्रविड़, सौरव गांगुली, रवि शास्त्री, अनिल कुंबले और अन्य दिग्गजों की विशेषज्ञता इस्तेमाल करने की बात कही। गावस्कर ने महिला क्रिकेट के लिए भी ऐसी सलाहकार कमेटी बनाने का सुझाव दिया है।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 15 September 2026, 8:31 AM IST

New Delhi: भारतीय क्रिकेट के दिग्गज सुनील गावस्कर ने बीसीसीआई की क्रिकेट एडवाइजरी कमेटी (CAC) को लेकर बड़ा सुझाव दिया है। उनका मानना है कि इस कमेटी की जिम्मेदारी केवल मुख्य कोच और चयनकर्ताओं की नियुक्ति तक सीमित नहीं होनी चाहिए। भारतीय क्रिकेट से जुड़े अहम फैसलों में भी अनुभवी पूर्व क्रिकेटरों की विशेषज्ञता का इस्तेमाल किया जाना चाहिए।

गावस्कर का यह सुझाव दलीप ट्रॉफी के फाइनल के बाद सामने आया। उन्होंने अपने कॉलम में CAC का दायरा बढ़ाने की जरूरत बताई और इसमें देश के कई महान पूर्व क्रिकेटरों को शामिल करने का विचार रखा।

CAC में फिलहाल तीन सदस्य

मौजूदा समय में अशोक मल्होत्रा, जतिन परांजपे और सुलक्षणा नाइक तीन सदस्यीय क्रिकेट एडवाइजरी कमेटी का हिस्सा हैं। इनकी नियुक्ति 2022 में हुई थी। CAC की प्रमुख जिम्मेदारी हेड कोच और चयनकर्ता पद के लिए आने वाले आवेदकों का इंटरव्यू करना और चयन प्रक्रिया में भूमिका निभाना है।

गावस्कर का कहना है कि बीसीसीआई में सिलेक्शन कमेटियों और CAC के अलावा ज्यादा कमेटियां नहीं हैं। ऐसे में CAC की जिम्मेदारियों को बढ़ाया जा सकता है।

सिर्फ कोच-चयनकर्ता चुनना ही क्यों?

गावस्कर ने सुझाव दिया कि CAC को कोच और चयनकर्ताओं के चयन के अलावा घरेलू और अंतरराष्ट्रीय मैचों के शेड्यूल तथा भारतीय क्रिकेट से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण मामलों पर भी विचार करने की जिम्मेदारी दी जा सकती है।

उनका मानना है कि इस कमेटी में ऐसे पूर्व क्रिकेटरों की विशेषज्ञता का इस्तेमाल किया जाना चाहिए, जिन्होंने लंबे समय तक अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेला है और भारतीय क्रिकेट की जरूरतों को करीब से समझा है।

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सचिन, द्रविड़ और कुंबले के नाम

गावस्कर ने अपने सुझाव के साथ कुछ बड़े नाम भी सामने रखे। उन्होंने सचिन तेंदुलकर, राहुल द्रविड़, सौरव गांगुली, रवि शास्त्री, अनिल कुंबले, हरभजन सिंह और वीरेंद्र सहवाग जैसे दिग्गजों को CAC में शामिल करने की संभावना पर विचार करने की बात कही।

इन नामों में भारतीय क्रिकेट का लंबा अनुभव और अलग-अलग भूमिकाओं का अनुभव शामिल है। गावस्कर का मानना है कि ऐसे दिग्गजों की विशेषज्ञता का इस्तेमाल भारतीय क्रिकेट से जुड़े फैसलों में किया जा सकता है।

महिला क्रिकेट के लिए भी ऐसी कमेटी की सलाह

गावस्कर ने सिर्फ पुरुष क्रिकेट तक अपना सुझाव सीमित नहीं रखा। उन्होंने महिला क्रिकेट के लिए भी इसी तरह की सलाहकार कमेटी बनाने की बात कही।

उनके मुताबिक जब ऐसी कमेटी कोच, कप्तान और एनसीए प्रमुख के साथ बातचीत करती है तो उसकी राय का काफी महत्व होता है। अनुभव और विशेषज्ञता के साथ फैसले लेने वाली ऐसी व्यवस्था भारतीय क्रिकेट को आगे बढ़ाने में मदद कर सकती है।

दलीप ट्रॉफी के फाइनल में ईस्ट जोन ने पहली पारी की बढ़त के आधार पर खिताब जीता। इस टूर्नामेंट में पहली पारी की बढ़त से तय होने वाले परिणाम को लेकर गावस्कर पहले भी अपनी नाराजगी जाहिर कर चुके हैं।

अब उनके ताजा सुझाव ने यह बहस जरूर छेड़ दी है कि क्या भारतीय क्रिकेट में फैसले लेने वाली कमेटियों में एक बार फिर बड़े पूर्व क्रिकेटरों की विशेषज्ञता को ज्यादा जगह मिलनी चाहिए।

Location :  New Delhi

Published :  15 September 2026, 8:31 AM IST