यूपी में अखिलेश यादव को मिला बड़ा सियासी साथ, BJP के पूर्व सांसद धर्मेंद्र कश्यप बेटी संग सपा में शामिल

यूपी की राजनीति में 2027 के चुनाव से पहले नई हलचल देखने को मिली है। बीजेपी के पूर्व सांसद धर्मेंद्र कश्यप अपनी बेटी कीर्ति कश्यप के साथ समाजवादी पार्टी में शामिल हो गए हैं। कई अन्य नेताओं ने भी अखिलेश यादव का साथ चुना।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 27 October 2026, 3:03 PM IST

Lucknow: उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव की मौजूदगी में बीजेपी के पूर्व सांसद धर्मेंद्र कश्यप अपनी बेटी कीर्ति कश्यप के साथ सपा में शामिल हो गए। उनके अलावा बसपा के पूर्व प्रत्याशी आबिद अली समेत कई नेताओं ने भी पार्टी का दामन थामा। इस मौके पर अखिलेश यादव ने बीजेपी पर निशाना साधा और मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी SIR का मुद्दा उठाया।

धर्मेंद्र कश्यप के सपा में आने से बढ़ी राजनीतिक चर्चा

लखनऊ में मंगलवार, 27 अक्टूबर को समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की मौजूदगी में बीजेपी के पूर्व सांसद धर्मेंद्र कश्यप सपा में शामिल हुए। उनकी बेटी कीर्ति कश्यप ने भी पार्टी की सदस्यता ली। इस मौके पर बहुजन समाज पार्टी के पूर्व प्रत्याशी आबिद अली, फनीउद्दीन, रंजीत गिरी गोस्वामी, संतोष तिवारी, प्रमोद विश्वकर्मा और आनंद साहू समेत कई अन्य नेताओं ने भी समाजवादी पार्टी का दामन थामा। अखिलेश यादव ने नए नेताओं का स्वागत करते हुए कहा कि उनके आने से पार्टी को मजबूती मिलेगी।

ये भी पढ़ें- योगी कैबिनेट में 22 प्रस्तावों पर मुहर, 4 लिंक एक्सप्रेसवे को मंजूरी; जानिए किन शहरों को मिलेगा फायदा

अखिलेश यादव ने बीजेपी पर साधा निशाना

पार्टी में शामिल होने के कार्यक्रम के दौरान अखिलेश यादव ने बीजेपी पर चुनावी प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने दावा किया कि चुनाव की तारीखों के ऐलान के दिन ही बीजेपी को हार का सामना करना पड़ेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव में प्रशासन और सरकारी बजट का इस्तेमाल किया जा रहा है।

BJP के पूर्व सांसद समेत कई नेता सपा में शामिल (Img: Dynamite News)

अखिलेश ने मीडिया और सोशल मीडिया की भूमिका पर भी टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि आज माइक और मीडिया के कुछ हिस्सों पर एक ही दल का प्रभाव दिखाई देता है।

SIR और वोटर लिस्ट पर अखिलेश ने उठाए सवाल

अखिलेश यादव ने मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर चुनाव आयोग से अपील की कि जिन राज्यों और क्षेत्रों में चुनाव होने हैं, वहां मतदाता सूची की जांच सही तरीके से होनी चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि SIR के नाम पर मतदाताओं के नाम काटे गए हैं।

अखिलेश ने यह भी सवाल उठाया कि जब आधार कार्ड और कई सरकारी सेवाओं में बायोमेट्रिक तकनीक का इस्तेमाल होता है, तो मतदान के दौरान मतदाता की पहचान के लिए ऐसी व्यवस्था क्यों नहीं अपनाई जा सकती। यह उनका सुझाव था। बायोमेट्रिक सत्यापन को मतदान में लागू करने के लिए संबंधित चुनावी नियमों और तकनीकी व्यवस्थाओं पर विचार करना होगा।

धर्मेंद्र कश्यप ने कानून-व्यवस्था पर उठाए सवाल

सपा में शामिल होने के बाद धर्मेंद्र कश्यप ने उत्तर प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में लोगों को न्याय नहीं मिल रहा है और पिछड़े और मछुआ समाज से जुड़े लोग परेशान हैं। धर्मेंद्र कश्यप ने दावा किया कि वह कश्यप और मछुआ समाज के लोगों के बीच जाकर समाजवादी पार्टी को मजबूत करने का काम करेंगे। उन्होंने सामाजिक न्याय के मुद्दे पर अखिलेश यादव के साथ काम करने की बात कही।

धर्मेंद्र कश्यप आंवला लोकसभा सीट से 2014 और 2019 में बीजेपी के सांसद रहे थे। 2024 के लोकसभा चुनाव में उन्हें सपा के नीरज मौर्य से हार का सामना करना पड़ा था।

ये भी पढ़ें- भाजपा का बड़ा सियासी दांव, 3 से 5 नवंबर तक यूपी के छह क्षेत्रों में निकलेगी ‘लोकतंत्र बचाओ-अराजकता हटाओ’ पदयात्रा

शिवपाल यादव ने 2027 को लेकर किया दावा

सपा नेता शिवपाल यादव ने धर्मेंद्र कश्यप और उनकी बेटी कीर्ति कश्यप के पार्टी में शामिल होने का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि धर्मेंद्र कश्यप के साथ उनके पुराने संबंध रहे हैं। शिवपाल ने दावा किया कि 2027 के विधानसभा चुनाव में PDA के लोग एकजुट होकर बीजेपी को चुनौती देंगे।

उन्होंने प्रदेश में बुलडोजर कार्रवाई, कथित फर्जी एनकाउंटर और छोटे व्यापारियों के साथ अन्याय जैसे मुद्दे उठाए। ये आरोप विपक्षी नेताओं की ओर से लगाए गए हैं।

Location :  Lucknow

Published :  27 October 2026, 3:03 PM IST