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वास्तु शास्त्र के अनुसार, रसोईघर का स्थान घर के दक्षिण-पूर्व (आग्नेय कोण) दिशा में होना चाहिए। इस दिशा में रसोईघर बनाने से घर में कभी भी अन्न की कमी का सामना नहीं करना पड़ता। यदि किसी कारणवश इस दिशा में रसोईघर नहीं बना सकते, तो घर के उत्तर-पश्चिम दिशा में भी रसोईघर बनवाना शुभ माना जाता है। वास्तु शास्त्र में रसोईघर के लिए इन दिशाओं का विशेष महत्व है क्योंकि यह स्थान घर के ऊर्जा प्रवाह को नियंत्रित करता है।
Published : 30 November 2025, 12:35 PM IST