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पूर्व सुप्रीम कोर्ट जज राजेश बिंदल (Img : Dynamite News)
New Delhi : देश की न्यायिक और कॉरपोरेट व्यवस्था से जुड़ी एक अहम खबर सामने आई है। सुप्रीम कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश न्यायमूर्ति राजेश बिंदल को राष्ट्रीय कंपनी कानून अपीलीय न्यायाधिकरण (NCLAT) का नया चेयरमैन नियुक्त किया गया है। केंद्र सरकार की मंजूरी के बाद जारी आदेश के अनुसार, उन्हें पांच साल के कार्यकाल के लिए यह जिम्मेदारी सौंपी गई है। उनकी नियुक्ति को कॉरपोरेट विवादों और दिवाला समाधान से जुड़े मामलों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
BREAKING NEWS | Justice Rajesh Bindal appointed Chairman of the National Company Law Appellate Tribunal (NCLAT) for a five-year tenure. A former Supreme Court Judge who retired in April 2026, Justice Bindal has held several key judicial positions, including Chief Justice of the Allahabad, Calcutta, and Jammu & Kashmir and Ladakh High Courts. His appointment marks a new chapter in his distinguished judicial career.
— Dynamite News (@DynamiteNews_) November 5, 2026
NCLAT देश में कंपनी कानून से जुड़े मामलों की प्रमुख अपीलीय संस्था है। यहां कंपनियों के बीच विवाद, विलय, अधिग्रहण और दिवाला एवं ऋणशोधन अक्षमता संहिता (IBC) से संबंधित मामलों की सुनवाई होती है। न्यायाधिकरण के फैसले कॉरपोरेट क्षेत्र और व्यावसायिक संस्थाओं के लिए महत्वपूर्ण होते हैं। ऐसे में नए चेयरमैन के रूप में न्यायमूर्ति बिंदल के सामने लंबित मामलों के निपटारे और न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावी बनाने की जिम्मेदारी होगी।
न्यायमूर्ति राजेश बिंदल 15 अप्रैल 2026 को सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश पद से सेवानिवृत्त हुए थे। इससे पहले उन्होंने देश के कई महत्वपूर्ण न्यायिक पदों पर काम किया। वह इलाहाबाद हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश रह चुके हैं। इसके अलावा उन्होंने कलकत्ता हाईकोर्ट और जम्मू-कश्मीर एवं लद्दाख हाईकोर्ट में कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश की जिम्मेदारी भी संभाली थी।
न्यायिक कार्यों में तकनीक के इस्तेमाल और मामलों के त्वरित निपटारे को लेकर भी उनका नाम चर्चा में रहा है। पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट में अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने करीब 80 हजार मामलों का निपटारा किया था। न्यायिक क्षेत्र में उनके लंबे अनुभव को देखते हुए NCLAT की जिम्मेदारी उनके लिए एक महत्वपूर्ण नई भूमिका मानी जा रही है।
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न्यायमूर्ति राजेश बिंदल का जन्म 16 अप्रैल 1961 को हरियाणा के अंबाला में हुआ था। उन्होंने पंजाब विश्वविद्यालय से बीकॉम की पढ़ाई पूरी की। इसके बाद वर्ष 1985 में कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय से कानून की डिग्री हासिल की। सितंबर 1985 में उन्होंने पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट से वकालत की शुरुआत की थी।
वकालत के दौरान उन्होंने कराधान, संवैधानिक और दीवानी मामलों में काम किया। वर्ष 2006 में उन्हें पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट का न्यायाधीश नियुक्त किया गया। इसके बाद उन्होंने अलग-अलग उच्च न्यायालयों में न्यायिक और प्रशासनिक जिम्मेदारियां संभालीं।
फरवरी 2023 में उन्हें सुप्रीम कोर्ट का न्यायाधीश नियुक्त किया गया था। इस पद पर करीब तीन साल से अधिक समय तक सेवाएं देने के बाद वह अप्रैल 2026 में सेवानिवृत्त हुए। अब NCLAT के चेयरमैन के रूप में उनकी नियुक्ति के साथ उनका न्यायिक अनुभव कॉरपोरेट और कंपनी कानून से जुड़े मामलों के निपटारे में उपयोग किया जाएगा।
Location : New Delhi
Published : 5 November 2026, 9:49 PM IST
Topics : Justice Rajesh Bindal NCLAT New Chairman Rajesh Bindal NCLAT Chairman Supreme Court Former Judge
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