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आंदोलन की आंच में फंसी दिल्ली की लाइफलाइन (Img- Dynamite News)
New Delhi: संसद के मानसून सत्र के पहले ही दिन दिल्ली की रफ्तार पर ब्रेक लग गया है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रस्तावित 'चलो संसद' मार्च को रोकने के लिए प्रशासन ने जो चक्रव्यूह रचा, उसमें आम दिल्लीवाले पिस गए हैं।
सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए सोमवार सुबह सेंट्रल दिल्ली के सबसे व्यस्त राजीव चौक, पटेल चौक और जनपथ मेट्रो स्टेशनों के कई एंट्री और एग्जिट गेट अचानक बंद कर दिए गए। दफ्तर और कॉलेजों के लिए निकले हजारों यात्री स्टेशनों पर ही फंस गए और उन्हें भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ा।
इस पूरे घटनाक्रम का सबसे हैरान करने वाला पहलू यह रहा कि दिल्ली में हो रही तेज बारिश और पुलिस की सख्त पाबंदियों के बावजूद जंतर-मंतर पर हुजूम कम नहीं हुआ। देश के कोने-कोने से आए हजारों प्रदर्शनकारी छाता लेकर और रेनकोट पहनकर सड़क पर डटे रहे।
CJP ने सोशल मीडिया पर अपने समर्थकों को अलर्ट जारी करते हुए कहा है कि मेट्रो बंद होने के बाद वे वैकल्पिक रास्तों से जंतर-मंतर पहुंचने की कोशिश करें, लेकिन शांति व्यवस्था बनाए रखें।
दिल्ली पुलिस ने इस बार सुरक्षा व्यवस्था को लेकर कोई कसर नहीं छोड़ी है। संसद भवन, रायसीना रोड और जंतर-मंतर के पूरे इलाके को किले में बदल दिया गया है। कई लेयर की लोहे और कंक्रीट की बैरिकेडिंग की गई है।
किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) की टुकड़ियों और दंगा-रोधी वज्र वाहनों को सड़कों पर उतार दिया गया है। नई दिल्ली जिले में भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 163 पहले ही लागू की जा चुकी है।
सीजेपी नेताओं के शांतिपूर्ण मार्च के दावों के बीच, दिल्ली पुलिस ने साफ कर दिया है कि संसद की तरफ बढ़ने वाले किसी भी जुलूस या मार्च को अनुमति नहीं दी गई है।
पुलिस अधिकारियों ने साफ चेतावनी दी है कि बिना इजाजत भीड़ जुटाने वालों पर कानूनी एक्शन लिया जाएगा। पुलिस ने आम जनता को सलाह दी है कि वे आज सेंट्रल दिल्ली के रूट पर निकलने से पहले ट्रैफिक और मेट्रो की लाइव एडवाइजरी जरूर चेक कर लें।
Location : New Delhi
Published : 20 July 2026, 10:21 AM IST