देवघर समाहरणालय में एसीबी ने भेष बदलकर छापेमारी करते हुए भू-अर्जन कार्यालय के दो कर्मचारियों को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। शिकायत के आधार पर की गई इस कार्रवाई से पूरे कलेक्ट्रेट परिसर में हड़कंप मच गया।

भू-अर्जन कार्यालय से दो कर्मचारी रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार
Deoghar: देवघर समाहरणालय परिसर में शुक्रवार को उस समय अचानक हड़कंप मच गया, जब एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) की टीम गुप्त तरीके से भेष बदलकर कलेक्ट्रेट के भू-अर्जन कार्यालय में पहुंच गई। किसी को भनक लगे बिना अधिकारियों ने जाल बिछाया और कुछ ही देर में रिश्वतखोरी का बड़ा खुलासा हो गया। कार्रवाई के दौरान दो कर्मचारियों को पैसे लेते हुए रंगे हाथों पकड़ लिया गया, जिसके बाद पूरे कलेक्ट्रेट परिसर में अफरा-तफरी और चर्चा का माहौल बन गया।
शिकायत के आधार पर की गई कार्रवाई
जानकारी के मुताबिक यह पूरी कार्रवाई गौरीपुर निवासी ब्रह्मदेव यादव की शिकायत के आधार पर की गई। उन्होंने आरोप लगाया था कि जमीन से जुड़े एक काम के बदले भू-अर्जन कार्यालय के कुछ कर्मचारी रिश्वत की मांग कर रहे हैं। शिकायत मिलने के बाद एसीबी ने पूरे मामले की जांच की और फिर ट्रैप की योजना बनाई।
साधारण वेश में पहुंचे एसीबी अधिकारी
छापेमारी को सफल बनाने के लिए एसीबी की पांच से छह सदस्यीय टीम पूरी तैयारी के साथ कलेक्ट्रेट पहुंची। टीम में डीएसपी और इंस्पेक्टर स्तर के अधिकारी भी शामिल थे। अधिकारियों ने आम लोगों की तरह साधारण कपड़े पहन रखे थे। उनके गले में गमछा था और हाथ में थैला लिए वे सामान्य व्यक्ति की तरह कार्यालय में दाखिल हुए। उनके हाव-भाव और पहनावे को देखकर किसी भी कर्मचारी को यह अंदाजा नहीं हुआ कि वे एंटी करप्शन ब्यूरो के अधिकारी हैं।
देवघर के समाहरणालय में एसीबी (एंटी-करप्शन ब्यूरो) का छापा, भू-अर्जन कार्यालय में बड़ा बाबू घुस लेते दबोचा @DeogharPolice #Deoghar pic.twitter.com/wYyfbDD4Uw
— डाइनामाइट न्यूज़ हिंदी (@DNHindi) March 13, 2026
रिश्वत लेते ही किया गिरफ्तार
कार्यालय में पहुंचने के बाद टीम के सदस्यों ने काम के सिलसिले में कर्मचारियों से संपर्क किया। इसी दौरान कर्मचारियों ने उनसे पैसे की मांग कर दी। जैसे ही रिश्वत की रकम ली गई, एसीबी की टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए भू-अर्जन कार्यालय के कर्मचारी निरंजन कुमार और नुनुदेव को रंगे हाथ पकड़ लिया। दोनों को मौके पर ही हिरासत में ले लिया गया और आगे की पूछताछ के लिए एसीबी की टीम अपने साथ ले गई।
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कलेक्ट्रेट परिसर में देर तक चर्चा
अचानक हुई इस कार्रवाई की खबर जैसे ही कलेक्ट्रेट परिसर में फैली, वहां मौजूद अधिकारियों और कर्मचारियों में हलचल बढ़ गई। कई लोग सतर्क हो गए और पूरे कार्यालय में इस घटना की चर्चा होती रही। एसीबी के डीएसपी ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद ट्रैप की योजना बनाई गई थी। कार्रवाई के दौरान दो लोगों को गिरफ्तार किया गया है और मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया अपनाई जा रही है। उन्होंने यह भी कहा कि जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।