मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध के बीच ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य बंद करने का ऐलान कर दिया है, जिससे वैश्विक ऊर्जा सप्लाई पर खतरा मंडराने लगा है। ईरान के सुप्रीम लीडर मोज्तबा खामेनेई ने अमेरिका और उसके सहयोगी देशों को चेतावनी देते हुए कहा है कि हर मौत का बदला लिया जाएगा और जरूरत पड़ी तो जंग में नए मोर्चे खोले जाएंगे।

ईरान के सुप्रीम लीडर मोज्तबा खामेनेई
New Delhi: मिडिल ईस्ट में छिड़ी जंग अब सिर्फ मिसाइलों और बमों तक सीमित नहीं रही, बल्कि इसका असर पूरी दुनिया की ऊर्जा सप्लाई पर पड़ने लगा है। ईरान ने दुनिया के सबसे अहम तेल मार्गों में से एक होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद करने का ऐलान कर दिया है। इस फैसले के बाद वैश्विक बाजारों में हड़कंप मच गया है और कई देशों को तेल और गैस की सप्लाई को लेकर चिंता सताने लगी है। इसी बीच ईरान के नए सुप्रीम लीडर Mojtaba Khamenei ने अमेरिका और उसके सहयोगियों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा है कि युद्ध में मारे गए हर व्यक्ति का बदला लिया जाएगा और जरूरत पड़ी तो ईरान जंग के नए मोर्चे भी खोल सकता है।
मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच ईरान ने रणनीतिक रूप से बेहद महत्वपूर्ण Strait of Hormuz को बंद करने का फैसला किया है। यह समुद्री मार्ग दुनिया के सबसे अहम ऊर्जा रास्तों में से एक माना जाता है, जहां से वैश्विक तेल सप्लाई का बड़ा हिस्सा गुजरता है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस रास्ते से दुनिया के लगभग 20 प्रतिशत कच्चे तेल का परिवहन होता है। ऐसे में इसके बंद होने का असर सीधे तौर पर अंतरराष्ट्रीय बाजार और ऊर्जा सुरक्षा पर पड़ सकता है।
ईरान के सुप्रीम लीडर Mojtaba Khamenei ने अमेरिका और उसके सहयोगी देशों को कड़ी चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि अगर मिडिल ईस्ट में अमेरिकी सैन्य अड्डे सक्रिय रहे तो उन पर हमला किया जा सकता है। उनका इशारा खाड़ी क्षेत्र के उन देशों की ओर था जहां अमेरिकी सेना के ठिकाने मौजूद हैं। खामेनेई ने कहा कि क्षेत्र में मौजूद सभी अमेरिकी सैन्य अड्डों को तुरंत बंद कर देना चाहिए।
ईरानी नेता ने यह भी कहा कि अगर हालात इसी तरह बने रहे तो ईरान जंग में नए फ्रंट खोल सकता है। खामेनेई के मुताबिक, युद्ध अब सिर्फ एक मोर्चे पर नहीं लड़ा जाएगा। उन्होंने कहा कि दुश्मनों को यह समझ लेना चाहिए कि अगर संघर्ष जारी रहा तो इसका दायरा और भी बड़ा हो सकता है। विश्लेषकों का मानना है कि अगर ऐसा हुआ तो यह संघर्ष पूरे मिडिल ईस्ट क्षेत्र में फैल सकता है, जिससे वैश्विक राजनीति और अर्थव्यवस्था दोनों प्रभावित होंगी।
ईरान के सुप्रीम लीडर ने युद्ध में मारे गए लोगों का बदला लेने की कसम भी खाई। उन्होंने कहा कि ईरान अपने नागरिकों की हत्या को कभी नहीं भूलेगा और हर मौत का जवाब दिया जाएगा। खामेनेई ने दक्षिणी ईरानी शहर Minab में हुए मिसाइल हमले का जिक्र किया, जिसमें एक लड़कियों का स्कूल तबाह हो गया था। उन्होंने कहा कि उस हमले में कई मासूमों की जान गई और ईरान इस घटना को कभी नहीं भूलेगा।
खामेनेई ने अपने बयान में यह भी कहा कि ईरान अपने दुश्मनों से मुआवजा भी वसूल सकता है। उन्होंने कहा कि अगर दुश्मन मुआवजा देने से इनकार करता है तो ईरान उसकी संपत्तियों को जब्त कर सकता है या उन्हें उसी स्तर तक नष्ट कर सकता है।
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हालांकि खामेनेई ने यह भी कहा कि ईरान की नीति अपने पड़ोसी देशों के साथ सहयोग की है। उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय देशों के साथ मैत्रीपूर्ण संबंध बनाए रखना ईरान की प्राथमिकता है, लेकिन उन्हें यह भी समझना होगा कि अमेरिकी सेना को अपने यहां ठिकाने देना इस क्षेत्र में तनाव बढ़ाने का कारण बन सकता है।
Strait of Hormuz के बंद होने से दुनिया में ऊर्जा संकट की आशंका बढ़ गई है। कई देशों की अर्थव्यवस्था इस समुद्री मार्ग पर निर्भर है। अगर यह मार्ग लंबे समय तक बंद रहता है तो तेल और गैस की कीमतों में भारी उछाल आ सकता है।