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कौन हैं अब्दुल अल-सैयद (Source: X)
Washington, (Abdul El-Sayed): 2026 के मध्यावधि चुनाव अमेरिकी राजनीति में एक नए अध्याय की शुरुआत हैं। मिशिगन से डेमोक्रेटिक उम्मीदवार अब्दुल अल-सैयद ने रिपब्लिकन माइक रोजर्स को हराकर अमेरिकी सीनेट में अपनी जगह बना ली है। इस जीत के साथ, वह अमेरिकी सीनेट के लिए चुने जाने वाले पहले मुस्लिम अमेरिकी बन गए हैं। इस उपलब्धि को अमेरिकी राजनीति में विविधता और मुस्लिम प्रतिनिधित्व के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर माना जा रहा है।
42 वर्षीय अल-सैयद सिर्फ एक राजनेता ही नहीं हैं, बल्कि वे एक जन स्वास्थ्य विशेषज्ञ, स्वास्थ्य नीति विशेषज्ञ और प्रशासक भी हैं। उनके माता-पिता मिस्र से आकर अमेरिका में बस गए थे। अल-सैयद ने अपने राजनीतिक एजेंडे में स्वास्थ्य सेवा से जुड़े मुद्दों को सबसे अहम स्थान दिया है।
अब्दुल रहमान मोहम्मद अल-सैयद का जन्म और पालन-पोषण मिशिगन के डेट्रॉइट मेट्रोपॉलिटन इलाके में हुआ। उनके माता-पिता मिस्र से आकर अमेरिका में बस गए थे। पढ़ाई में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए, उन्होंने 2007 में मिशिगन विश्वविद्यालय से जीव विज्ञान और राजनीति विज्ञान में डिग्री हासिल की।
इसके बाद, उन्हें प्रतिष्ठित 'रोड्स स्कॉलरशिप' मिली, जिसकी मदद से उन्होंने ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय में जन स्वास्थ्य (पब्लिक हेल्थ) की पढ़ाई की और वहां से डॉक्टरेट की उपाधि प्राप्त की। 2014 में, उन्होंने कोलंबिया विश्वविद्यालय से मेडिकल डिग्री भी हासिल की। हालांकि, एक पारंपरिक चिकित्सक के रूप में करियर बनाने के बजाय, उन्होंने अपना पेशेवर जीवन जन स्वास्थ्य अनुसंधान, प्रशासन और स्वास्थ्य नीति के क्षेत्र में केंद्रित किया।
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Buckeye: 0 https://t.co/hutKLWbJW6— Dr. Abdul El-Sayed (@AbdulElSayed) November 4, 2026
2014 में, अल-सैयद ने कोलंबिया विश्वविद्यालय के 'मेलमैन स्कूल ऑफ पब्लिक हेल्थ' में सहायक प्रोफेसर के रूप में काम करना शुरू किया। ठीक अगले ही साल, उन्हें डेट्रॉइट स्वास्थ्य विभाग का कार्यकारी निदेशक नियुक्त किया गया। इस जिम्मेदारी के साथ, वह अमेरिका के किसी बड़े शहर में स्वास्थ्य विभाग का नेतृत्व करने वाले सबसे कम उम्र के अधिकारियों में से एक बन गए।
उस समय, डेट्रॉइट एक आर्थिक संकट से गुजर रहा था। इन चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बीच, उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को मजबूत करने, स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच बढ़ाने, और पर्यावरणीय न्याय तथा सामुदायिक स्वास्थ्य जैसे मुद्दों पर काम किया। दिसंबर 2022 से अप्रैल 2025 तक, उन्होंने वेन काउंटी डिपार्टमेंट ऑफ हेल्थ, ह्यूमन एंड वेटरन्स सर्विसेज के निदेशक के रूप में भी काम किया।
अल-सैयद 2017 में सक्रिय चुनावी राजनीति में आए। 2018 में, उन्होंने मिशिगन के गवर्नर का चुनाव लड़ने के लिए स्वास्थ्य विभाग के निदेशक का पद छोड़ दिया। हालांकि वे डेमोक्रेटिक प्राइमरी में दूसरे स्थान पर रहे, लेकिन उन्हें 340,000 से अधिक वोट मिले।
इसके बाद, उन्होंने सार्वजनिक स्वास्थ्य और राजनीतिक वकालत के क्षेत्रों में अपना काम जारी रखा। अप्रैल 2025 में, उन्होंने अमेरिकी सीनेट के लिए अपना अभियान शुरू किया। 2026 के डेमोक्रेटिक प्राइमरी में, उन्होंने कांग्रेसवुमन हेली स्टीवंस सहित अन्य उम्मीदवारों को हराकर पार्टी का नामांकन हासिल किया।
अब्दुल अल-सैयद का रोचक सफर (Source: X)
अपने पूरे अभियान के दौरान, अल-सैयद ने स्वास्थ्य सेवा की अधिक लागत, आर्थिक असमानता और राजनीति में कॉर्पोरेट पैसे के प्रभाव जैसे मुद्दों को उठाया। उन्होंने "सभी के लिए मेडिकेयर" (Medicare for All) का समर्थन किया और स्वास्थ्य सेवाओं तक लोगों की पहुंच बढ़ाने की वकालत की। इसके अलावा, उन्होंने बढ़ती जीवन-यापन लागत को कम करने और इज़राइल को दी जाने वाली बिना शर्त अमेरिकी सैन्य सहायता को समाप्त करने की मांग की। उनके विचारों को समर्थन और आलोचना दोनों मिलीं।
माइक रोजर्स को हराकर, अल-सैयद ने अमेरिकी सीनेट में मुस्लिम समुदाय के प्रतिनिधित्व के लिए एक नया अध्याय खोला है। वे मिशिगन के डेमोक्रेटिक सीनेटर गैरी पीटर्स की जगह लेंगे, जो सेवानिवृत्त हो रहे हैं। उनकी जीत केवल एक चुनावी सफलता नहीं है; यह एक ऐसे नेता की कहानी है जिसने सार्वजनिक स्वास्थ्य के क्षेत्र से राष्ट्रीय राजनीति में कदम रखा, और जिसने अपनी पहचान तथा नीतिगत प्राथमिकताओं के माध्यम से अमेरिकी राजनीति में अपने लिए एक अलग जगह बनाई है।
Location : Washington
Published : 5 November 2026, 1:28 PM IST