Uttarakhand News: देहरादून में निर्माणाधीन भवन में मजदूर दंपती की संदिग्ध मौत, आत्महत्या या साजिश क्या है सच्चाई?

निर्माणाधीन भवन में रह रहे मजदूर दंपती ने फांसी लगाकर की आत्महत्या, पूरा मामला जानने के लिए पढ़िए डाइनामाइट न्यूज़ की रिपोर्ट

Post Published By: डीएन ब्यूरो
Updated : 21 April 2025, 7:25 AM IST

देहरादून: उत्तराखंड की राजधानी देहरादून से एक बेहद दुखद और चौंकाने वाली घटना सामने आई है। जहां रविवार सुबह ग्राफिक एरा अस्पताल के पास स्थित एक निर्माणाधीन भवन में रह रहे मजदूर दंपती ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। यह हृदयविदारक दृश्य उस समय सामने आया जब साथ काम कर रहे अन्य मजदूरों ने दोनों को अपने कमरे में फंदे से लटका हुआ पाया। ये दृश्य देख कर वे हैरान हो गए और इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दी।

डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, मृतकों की पहचान भास्कर लाल (28 वर्ष) पुत्र बाबूराम चंद्राकर और उनकी पत्नी जनिक गौड़ (26 वर्ष) के रूप में हुई है। मूल रूप से दोनों छत्तीसगढ़ के कबीरधाम जिले के निवासी थे और देहरादून में मजदूरी कर अपना जीवनयापन कर रहे थे। भास्कर एक इलेक्ट्रिशियन के तौर पर कार्यरत था।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक जांच पड़ताल की , उसके बाद शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। प्रारंभिक जांच में घटनास्थल से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है, जिससे आत्महत्या की कारणों पर संदेह बना हुआ है, वहां की स्थिति के अनुसार उम्मीद जताई जा रही है कि ये किसी की बड़ी साजिश भी हो सकती है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता से जांच की जा रही है। आत्महत्या के पीछे पारिवारिक तनाव, आर्थिक तंगी या अन्य किसी कारण की भी संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा है। असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट और मृतकों के परिजनों के बयान के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी। जिसके बाद आगे की कार्यवाई की जाएगी।

स्थानीय लोगों और मजदूरों के बीच यह घटना चर्चा का विषय बनी हुई है। एक ओर जहां परिजन को इसकी ख़बर मिलते ही  कोहराम मच गया , वहीं साथी मजदूर गहरे सदमे में हैं,  यह मामला मजदूरों की सामाजिक और मानसिक स्थिति पर भी सवाल खड़े कर रहा है। आये दिन इस तरह की घटनाएं सामने आती रहती हैं, जिसमें मजदूर अपनी आर्थिक तंगी के कारण आत्महत्या कर लेते हैं लेकिन उनका कोई न कोई साक्ष्य मौजूद रहता है लेकिन ये घटना संदेह के घेरे में नज़र आ रही है क्योंकि अभी तक कोई भी साक्ष्य प्राप्त नहीं हुआ।

Location :  Uttrakhand

Published :  21 April 2025, 5:55 AM IST