Kannauj News: माफिया नवाब सिंह यादव को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका, हाईकोर्ट से मिली जमानत रद्द

कन्नौज के चर्चित माफिया नवाब सिंह यादव को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। गैंगस्टर एक्ट के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट से मिली जमानत 3 नवंबर 2026 को निरस्त कर दी गई। यूपी सरकार की SLP स्वीकार करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने यह फैसला सुनाया।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 3 November 2026, 6:12 PM IST

Kannauj: कन्नौज के चर्चित माफिया नवाब सिंह यादव को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। गैंगस्टर एक्ट के मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट से मिली जमानत अब निरस्त कर दी गई है। उत्तर प्रदेश शासन और कन्नौज पुलिस की पैरवी के बाद सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार, 3 नवंबर 2026 को यह फैसला सुनाया। यूपी सरकार की ओर से दाखिल विशेष अनुमति याचिका (SLP) स्वीकार करते हुए सर्वोच्च न्यायालय ने हाईकोर्ट के जमानत आदेश को रद्द कर दिया।

गैंगस्टर एक्ट के मामले में मिली जमानत निरस्त

पुलिस के अनुसार, नवाब सिंह यादव पुत्र स्वर्गीय चेतराम यादव निवासी ग्राम अड़ंगापुर, थाना और जिला कन्नौज के खिलाफ कोतवाली कन्नौज में कई गंभीर मुकदमे दर्ज हैं। इनमें मुकदमा अपराध संख्या 681/2024 के तहत बीएनएस की विभिन्न धाराओं और पॉक्सो एक्ट के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया था। इन्हीं मामलों और कथित आपराधिक गतिविधियों के आधार पर कन्नौज पुलिस ने 13 जुलाई 2025 को नवाब सिंह यादव के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत मुकदमा अपराध संख्या 533/2025 दर्ज किया था। इस मामले में 15 अगस्त 2025 को रिमांड भी लिया गया था।

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इलाहाबाद हाईकोर्ट ने 18 अप्रैल 2026 को गैंगस्टर एक्ट के मामले में नवाब सिंह यादव को जमानत दे दी थी। इस आदेश के खिलाफ उत्तर प्रदेश शासन ने सुप्रीम कोर्ट में विशेष अनुमति याचिका दाखिल की। सरकार की ओर से SLP (Crl) 15873/2026 के माध्यम से हाईकोर्ट के जमानत आदेश को चुनौती दी गई थी। मंगलवार, 3 नवंबर 2026 को सुप्रीम कोर्ट ने उत्तर प्रदेश सरकार की याचिका स्वीकार करते हुए नवाब सिंह यादव को मिली जमानत निरस्त कर दी।

महिला चिकित्सक को धमकाने का भी आरोप

नवाब सिंह यादव से जुड़े मामलों में पीड़िता का मेडिकल परीक्षण करने वाली महिला चिकित्सक को धमकाने का आरोप भी सामने आया था। पुलिस के मुताबिक, चिकित्सक को न्यायालय में गवाही देने से रोकने के उद्देश्य से धमकी दी गई थी। आरोप था कि चिकित्सक से कहा गया कि नवाब सिंह यादव की जमानत हो गई है और बाहर आने पर तीन हत्याएं होंगी। इस मामले की जांच के बाद कोतवाली कन्नौज में मुकदमा अपराध संख्या 361/2025 दर्ज किया गया था।

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यूपी सरकार की पैरवी के बाद सुप्रीम कोर्ट का फैसला

नवाब सिंह यादव को हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद उत्तर प्रदेश शासन ने सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी। इस मामले में कन्नौज पुलिस और शासन की ओर से प्रभावी पैरवी की गई। पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार के निर्देशन में इस पैरवी में अपर पुलिस अधीक्षक अजय कुमार, क्षेत्राधिकारी नगर सुरेश कुमार और प्रभारी निरीक्षक जितेंद्र प्रताप सिंह की भूमिका रही। पैरवी करने वाली टीम में प्रभारी निरीक्षक जितेंद्र प्रताप सिंह और कांस्टेबल प्रवीन जाट शामिल रहे।

Location :  Kannauj

Published :  3 November 2026, 6:12 PM IST