
विधि-विधान से जल लेकर निकले कांवरिये (Source: Dynamite News)
Sultanpur: सावन की पावन बेला में सोमवार को आदि गंगा गोमती का तट ‘हर-हर महादेव’ और ‘बोल बम’ के जयघोष से गूंज उठा। भदैया क्षेत्र के बभनगंवा गोमती तट से हजारों कांवरियों का जत्था पवित्र गोमती जल लेकर भगवान शिव के जलाभिषेक के लिए जनवारी नाथ धाम रवाना हुआ। भगवा वस्त्रों में सजे कांवरियों के जयकारों से पूरा वातावरण शिवमय नजर आया।
यात्रा में श्रद्धा, आस्था, अनुशासन और सेवा का अनोखा संगम देखने को मिला। यात्रा का नेतृत्व युवा कांवरिया संघ पन्नाटिकरी के आयोजक एवं समाजसेवी सूरज सिंह और उनके सामाजिक साथियों ने किया।
कांवरियों ने बभनगंवा गोमती तट पर विधि-विधान से पूजन-अर्चन किया। इसके बाद पवित्र जल कांवर में भरकर भगवान भोलेनाथ के जलाभिषेक का संकल्प लिया और जनवारी नाथ धाम की ओर पैदल यात्रा शुरू की।
जत्थे में शामिल श्रद्धालुओं के ‘बोल बम’ और ‘हर-हर महादेव’ के जयघोष से पूरा मार्ग भक्तिमय हो गया। शिवभक्ति में लीन कांवरियों का उत्साह देखते ही बन रहा था।
कांवरिया यात्रा का मार्ग बभनगंवा घाट से कामतागंज, भरथीपुर, सकवा, शंभूगंज, तेरयें और चौकिया होते हुए जनवारी नाथ धाम तक करीब 32 किलोमीटर रहा।
पूरे रास्ते में स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं ने कांवरियों का स्वागत किया। जगह-जगह भंडारे, शरबत, पेयजल और सेवा शिविर लगाए गए। इन शिविरों में कांवरियों को प्रसाद और जलपान कराया गया।
कांवरिया मार्ग पर जगह-जगह सड़क में गड्ढे होने से श्रद्धालुओं और आम राहगीरों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। यात्रा के दौरान इस समस्या को देखते हुए समाजसेवी सूरज सिंह की टीम ने तत्काल पहल की और सड़क के गड्ढों की मरम्मत कराई।
टीम का कहना है कि इससे कांवरियों के साथ-साथ स्थानीय राहगीरों को भी राहत मिली।
सूरज सिंह ने बताया कि उनकी टीम सामाजिक सेवा को केवल धार्मिक आयोजनों तक सीमित नहीं रखती। करीब 12 से 15 किलोमीटर के दायरे में छुट्टा गोवंश या किसी गाय की दुर्घटना में मृत्यु की सूचना मिलने पर टीम जेसीबी के साथ मौके पर पहुंचती है और सम्मानपूर्वक अंतिम संस्कार की व्यवस्था करती है।
इसके अलावा सार्वजनिक स्थानों पर टूटी सड़कों की जानकारी मिलने पर भी टीम अपने स्तर से उनकी मरम्मत कराने का प्रयास करती है।
करीब 32 किलोमीटर की पैदल यात्रा पूरी करने के बाद कांवरियों का जत्था जनवारी नाथ धाम पहुंचा। यहां श्रद्धालुओं ने गोमती तट से लाए पवित्र जल से भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक किया और सुख-समृद्धि की कामना की।
बभनगंवा से जनवारी नाथ धाम तक निकली यह कांवर यात्रा भगवान शिव के प्रति आस्था के साथ सामाजिक सेवा और जीवों के प्रति संवेदना का संदेश देती नजर आई। पूरी यात्रा के दौरान ‘हर-हर महादेव’ और ‘बोल बम’ के जयघोष से माहौल भक्तिमय बना रहा।
Location : Sultanpur
Published : 25 August 2026, 8:56 AM IST
Topics : Kanwar Yatra Sawan 2026 sultanpur news