बेटे को तड़पता देख दौड़े पिता, कुछ ही पलों में दोनों की थम गई सांसें; पढ़ें सीतापुर की सनसनीखेज खबर

सीतापुर के बेलवा बसहिया गांव में रविवार दोपहर एक छोटी-सी कोशिश ने पूरे परिवार की जिंदगी बदल दी। घर के सामने गिरी पेड़ की डाल को हटाने पहुंचे किशोर को करंट लग गया। बेटे को बचाने पहुंचे पिता भी इसकी चपेट में आ गए।

Post Published By: Nidhi Kushwaha
Updated : 6 September 2026, 3:30 PM IST

Sitapur: सकरन थाना क्षेत्र के बेलवा बसहिया गांव में रविवार दोपहर एक दर्दनाक हादसे ने पूरे परिवार को सदमे में डाल दिया। घर के सामने पेड़ की गिरी डाल को हटाने की कोशिश में पहले 17 वर्षीय पीयूष मिश्रा विद्युत लाइन की चपेट में आ गया। बेटे को तड़पता देख उसे बचाने पहुंचे पिता गीतेश मिश्रा भी करंट की चपेट में आ गए। हादसे में दोनों की मौत हो गई।

पेड़ की डाल बनी हादसे की वजह

बेलवा बसहिया गांव निवासी गीतेश मिश्रा के घर के सामने पाकड़ का पेड़ लगा हुआ है। पेड़ के पास से एलटी विद्युत लाइन गुजर रही है। रविवार दोपहर करीब 12 बजे एक बंदर के पेड़ पर चढ़ने के दौरान उसकी एक डाल टूटकर नीचे गिर गई। बताया गया कि गिरी हुई डाल विद्युत लाइन से छू गई थी। आसपास मौजूद लोगों को शायद अंदाजा नहीं था कि पेड़ की यह डाल जानलेवा बन चुकी है। इसी दौरान गीतेश मिश्रा का 17 वर्षीय बेटा पीयूष डाल को हटाने के लिए वहां पहुंच गया।

डाल उठाते ही लगा तेज करंट

पीयूष ने जैसे ही डाल को उठाने का प्रयास किया, वह विद्युत प्रवाह की चपेट में आ गया। करंट लगने से वह मौके पर ही गिर पड़ा। बेटे को इस हालत में देखकर पिता गीतेश मिश्रा उसे बचाने के लिए दौड़े। लेकिन बेटे को बचाने की कोशिश पिता के लिए भी जानलेवा साबित हुई। वह भी विद्युत लाइन की चपेट में आ गए। देखते ही देखते पिता-पुत्र दोनों गंभीर रूप से झुलस गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई।

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गांव में मच गई चीख-पुकार

हादसे के बाद आसपास के ग्रामीण मौके पर जुट गए। लोगों ने बिजली विभाग और एंबुलेंस को सूचना दी। कुछ देर बाद एंबुलेंस दोनों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सांडा लेकर पहुंची। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद पिता-पुत्र दोनों को मृत घोषित कर दिया। एक साथ दो मौतों की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। रिश्तेदारों और ग्रामीणों की भीड़ घर पर जुटने लगी। जिस घर में कुछ समय पहले तक रोजमर्रा की जिंदगी चल रही थी, वहां अचानक मातम छा गया।

धार्मिक आयोजनों में भी सहयोग करता था पीयूष

परिजनों के मुताबिक पीयूष दो भाइयों में बड़ा था। वह धार्मिक आयोजनों और भागवत कथा में पूजा-पाठ से जुड़े कामों में पिता का सहयोग करता था। परिवार की आजीविका खेती-किसानी से भी जुड़ी थी। परिवार के पास करीब पांच बीघा जमीन बताई गई है और पिता-पुत्र दोनों खेती में हाथ बंटाते थे।

पीयूष की मौत से परिवार ने कम उम्र में ही अपना बड़ा सहारा खो दिया। वहीं, पिता की मौत के साथ परिवार पर दुख का पहाड़ टूट पड़ा। गांव में भी इस घटना को लेकर शोक का माहौल है।

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पोस्टमार्टम के लिए भेजे गए शव

सकरन थाना पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय भेज दिया है। थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार सिंह ने इसकी पुष्टि की है। पुलिस मामले में आवश्यक कार्रवाई कर रही है।

Location :  Sitapur

Published :  6 September 2026, 3:30 PM IST