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रायबरेली में आधी रात को पुलिस और बदमाशों के बीच ताबड़तोड़ फायरिंग हुई। नसीराबाद और बछरावां में मुठभेड़ के दौरान दो शातिर लुटेरों के पैर में गोली लगी, जबकि उनके तीन अन्य साथी पुलिस ने दबोच लिए। घटना अंतर्जनपदीय लुटेरों के खिलाफ चलाए गए विशेष अभियान का हिस्सा थी।
रायबरेली पुलिस और बदमाश के बीच मुठभेड़
Raebareli: रायबरेली जनपद के नसीराबाद और बछरावां थाना क्षेत्रों में बीती रात पुलिस और बदमाशों के बीच हुई अलग-अलग मुठभेड़ में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। इस कार्रवाई में दो शातिर बदमाशों के पैर में गोली लगी है, जबकि गिरोह के अन्य सदस्यों को घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया गया है।
डाइनामाइट न्यूज़ संवददाता के अनुसार, पकड़े गए बदमाश एक अंतरराज्यीय गिरोह के सदस्य बताए जा रहे हैं, जिन पर हत्या और लूट जैसे कई संगीन मामले दर्ज हैं।
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घटना की शुरुआत नसीराबाद थाना क्षेत्र से हुई, जहां पुलिस टीम संदिग्धों की धरपकड़ के लिए चेकिंग अभियान चला रही थी। इसी दौरान डीह-परसदेपुर मार्ग पर एक इको गाड़ी और एक मोटरसाइकिल पर सवार कुछ संदिग्ध लोग आते दिखाई दिए। पुलिस ने जब उन्हें रुकने का इशारा किया, तो इको गाड़ी सवार मौके से भागने में सफल रहे, लेकिन मोटरसाइकिल सवार असंतुलित होकर गिर गए। खुद को घिरता देख बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी।
पुलिस ने भी आत्मरक्षार्थ जवाबी फायरिंग की, जिसमें 'सूरज' नाम के एक अपराधी के पैर में गोली लगी। पुलिस ने उसे तुरंत हिरासत में लेकर इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया।
नसीराबाद की घटना के बाद पूरे जिले में अलर्ट जारी कर दिया गया और कंट्रोल रूम के माध्यम से सभी सीमाओं पर सूचना भेज दी गई। इसी बीच महाराजगंज के थुलेंडी पुलिस चौकी के पास संदिग्ध इको गाड़ी दिखाई दी। बछरावां पुलिस की टीम ने जब घेराबंदी की, तो बदमाशों ने भागने के लिए फिर से पुलिस पर गोलियां चलाईं। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में गिरोह के एक अन्य सदस्य 'मार्को' उर्फ अभिनंदन के पैर में गोली लगी। इस मुठभेड़ के दौरान पुलिस ने गिरोह के तीन अन्य साथियों मनीष, पिंटू और अनिकेत को भी गिरफ्तार कर लिया।
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अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) संजीव कुमार सिन्हा ने मामले की जानकारी देते हुए बताया कि पकड़ा गया गिरोह बेहद शातिर है और रायबरेली के साथ-साथ आसपास के जनपदों में भी सक्रिय था। पूछताछ में सामने आया है कि सूरज और मार्को पहले भी हत्या और लूट के मामलों में जेल जा चुके हैं। यह गिरोह अंतरजनपदीय स्तर पर लूट और चोरी की घटनाओं को अंजाम देता था। राहत की बात यह रही कि इस पूरी कार्रवाई के दौरान कोई भी पुलिसकर्मी घायल नहीं हुआ है। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य संपर्कों और पिछली वारदातों के बारे में विस्तार से जांच कर रही है।