वोटर लिस्ट में नाम नहीं है? अब जुड़वा सकेंगे अपना नाम, डीएम ने जारी किया निर्देश

आगामी पंचायत चुनाव को लेकर मतदाता सूची में नाम जुड़वाने, पहले से दर्ज विवरण में सुधार कराने और अपात्र नाम हटवाने की प्रक्रिया को लेकर जिला प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट कर दी है।

Updated : 30 October 2026, 8:37 PM IST

प्रयागराज: आगामी पंचायत चुनाव को लेकर मतदाता सूची में नाम जुड़वाने, पहले से दर्ज विवरण में सुधार कराने और अपात्र नाम हटवाने की प्रक्रिया को लेकर जिला प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट कर दी है। जिला मजिस्ट्रेट एवं जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत एवं नगरीय निकाय) मनीष कुमार वर्मा ने बताया कि राज्य निर्वाचन आयोग, उत्तर प्रदेश, लखनऊ के निर्देशों के क्रम में पंचायतों की निर्वाचक नामावली में परिवर्धन, संशोधन और विलोपन के लिए नियमानुसार आवेदन स्वीकार किए जाएंगे। हालांकि, इस पूरी प्रक्रिया में निर्धारित कानूनी प्रावधानों का पालन अनिवार्य होगा।

नाम हटाने अथवा नया नाम जोड़ने की कार्रवाई

जिला निर्वाचन अधिकारी ने स्पष्ट किया कि उत्तर प्रदेश पंचायत राज अधिनियम, उन्नीस सौ सैंतालीस की धारा नौ के उपबंध आठ के अनुसार किसी ग्राम पंचायत के निर्वाचन के लिए नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि के बाद और चुनाव प्रक्रिया पूरी होने से पहले मतदाता सूची में किसी प्रकार का सुधार, नाम हटाने अथवा नया नाम जोड़ने की कार्रवाई नहीं की जा सकती।

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आवेदन को बिना जांच के स्वीकार नहीं

वहीं, उत्तर प्रदेश पंचायत राज निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण (पूरक उपबंध) आदेश, दो हजार पांच के अंतर्गत सामान्य निवासियों से प्राप्त आवेदनों पर जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जा सकती है। प्रशासन की ओर से यह भी स्पष्ट किया गया है कि मतदाता सूची में बदलाव के लिए आने वाले प्रत्येक आवेदन को बिना जांच के स्वीकार नहीं किया जाएगा। नाम जोड़ने, दर्ज विवरण में संशोधन कराने अथवा किसी नाम को हटाने की मांग पर संबंधित अधिकारियों द्वारा परीक्षण किया जाएगा। इसके बाद परिवर्धित, संशोधित और विलोपित नामों की अलग-अलग सूचियां तैयार कर सुरक्षित रखी जाएंगी।

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राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से निर्वाचक नामावली के संक्षिप्त पुनरीक्षण की अधिसूचना जारी होने के बाद इन्हीं सूचियों के आधार पर ऑनलाइन आंकड़ा प्रविष्टि कराकर मतदाता सूची को अद्यतन किया जाएगा। इसी क्रम में जिला मजिस्ट्रेट मनीष कुमार वर्मा ने जनपद के समस्त उप जिलाधिकारियों एवं सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों (पंचायत) को निर्देश जारी किए हैं। अधिकारियों को अपनी-अपनी तहसील के अंतर्गत आने वाले विकासखंडों की ग्राम पंचायतों से प्राप्त आवेदनों की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा गया है। नाम जोड़ने के लिए प्रपत्र दो, विवरण में संशोधन के लिए प्रपत्र तीन तथा नाम विलोपन के लिए प्रपत्र चार में दो प्रतियों में आवेदन प्राप्त किए जाएंगे।

मतदाता सूची की शुद्धता

निर्देशों के मुताबिक परिवर्धन सूची, संशोधन सूची और विलोपन सूची को क्रमशः संलग्नक सोलह, सत्रह और अठारह के निर्धारित प्रारूप में विधिवत हस्ताक्षर के साथ तीन-तीन प्रतियों में तैयार कर सुरक्षित रखना होगा। आयोग की ओर से मतदाता सूची के संक्षिप्त पुनरीक्षण की अधिसूचना जारी होने के बाद प्रत्येक सूची की दो-दो साफ एवं पठनीय प्रतियां जिला निर्वाचन कार्यालय (पंचायत एवं नगरीय निकाय), प्रयागराज को उपलब्ध करानी होंगी, ताकि आगे की ऑनलाइन प्रक्रिया समय से पूरी कराई जा सके। अब ग्रामीण मतदाताओं के लिए यह महत्वपूर्ण है कि वे अपनी ग्राम पंचायत की मतदाता सूची में नाम और अन्य विवरण की स्थिति पर नजर रखें। किसी प्रकार की त्रुटि अथवा नाम छूटने की स्थिति में निर्धारित प्रपत्र के माध्यम से आवेदन करें। वहीं, प्रशासन के सामने भी यह जिम्मेदारी होगी कि प्रत्येक आवेदन की निष्पक्ष जांच हो और किसी पात्र मतदाता का नाम छूटने अथवा अपात्र नाम बने रहने की स्थिति न पैदा हो। पंचायत चुनाव की तैयारियों के बीच मतदाता सूची की शुद्धता ही निष्पक्ष निर्वाचन की पहली बुनियाद मानी जा रही है।

Location :  प्रयागराज

Published :  30 October 2026, 8:37 PM IST