खुलेगा इतिहास का एक और बड़ा पन्ना: महराजगंज के रामग्राम स्तूप में सर्दियों से शुरू होगी खुदाई

महराजगंज के ऐतिहासिक रामग्राम स्तूप पर भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) ने दूसरे चरण के उत्खनन की तैयारी तेज कर दी है। विशेषज्ञ टीम ने प्राथमिक सर्वे पूरा कर 50×50 मीटर क्षेत्र चिन्हित किया है, जहां सर्दियों में वैज्ञानिक खुदाई शुरू होगी।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 10 July 2026, 6:23 PM IST

Maharajganj: उत्तर प्रदेश के जिले महराजगंज बौद्ध विरासत और विश्व इतिहास की दृष्टि से महत्वपूर्ण रामग्राम स्तूप एक बार फिर चर्चा में है। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) ने यहां दूसरे चरण के उत्खनन की तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। इसी क्रम में शुक्रवार को विशेषज्ञों की एक टीम ने स्थल का निरीक्षण कर आगामी खुदाई की रूपरेखा तैयार की।

विशेषज्ञ टीम ने किया प्राथमिक सर्वेक्षण

अधीक्षण सर्वेक्षक राजेंद्र कुमार यादव के नेतृत्व में पांच सदस्यीय टीम ने रामग्राम स्तूप परिसर का विस्तृत सर्वेक्षण किया। टीम ने पहले चरण में हुई खुदाई वाले क्षेत्रों का निरीक्षण किया और वहां मिले पुरातात्विक साक्ष्यों का अध्ययन किया। इसके बाद दूसरे चरण के उत्खनन के लिए नए क्षेत्र का चयन किया गया, ताकि ऐतिहासिक महत्व के और प्रमाणों की खोज की जा सके।

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50×50 मीटर क्षेत्र में होगी खुदाई

ASI की टीम ने दूसरे चरण के उत्खनन के लिए 50×50 मीटर क्षेत्र को चिन्हित किया है। इस क्षेत्र में मुख्य टीले के अलावा आसपास मौजूद छोटे टीले भी शामिल किए गए हैं।विशेषज्ञों का मानना है कि इन स्थानों पर प्राचीन अवशेष और ऐतिहासिक महत्व की सामग्री मिलने की संभावना है, जिससे रामग्राम स्तूप के इतिहास से जुड़े नए तथ्य सामने आ सकते हैं।

वैज्ञानिक तरीके से चुना गया उत्खनन क्षेत्र

ASI अधिकारियों के अनुसार, सर्वेक्षण का उद्देश्य खुदाई के लिए सबसे उपयुक्त क्षेत्र का चयन करना और उत्खनन की दिशा तय करना था। इसके साथ ही स्थल की वर्तमान स्थिति का तकनीकी मूल्यांकन भी किया गया। निरीक्षण के दौरान अधीक्षण सर्वेक्षक ने टीम के सदस्यों को उत्खनन कार्य से जुड़े आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए।

जिलाधिकारी से की गई चर्चा

सर्वेक्षण से पहले ASI टीम ने जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल से मुलाकात की। इस दौरान पहले चरण की खुदाई में मिले महत्वपूर्ण पुरातात्विक साक्ष्यों और उपलब्धियों की जानकारी साझा की गई। इसके साथ ही दूसरे चरण की कार्ययोजना पर भी चर्चा की गई और प्रशासन से आवश्यक सहयोग का अनुरोध किया गया।

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प्रशासन ने सहयोग का दिया भरोसा

जिलाधिकारी ने रामग्राम स्तूप की ऐतिहासिक और सांस्कृतिक महत्ता को देखते हुए ASI टीम को हर संभव प्रशासनिक सहयोग देने का आश्वासन दिया। उन्होंने संबंधित विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि उत्खनन कार्य को समय पर और सुचारु रूप से पूरा कराने के लिए प्रशासन पूरी तरह तैयार है।

सर्दियों में शुरू होगा दूसरा चरण

अधीक्षण सर्वेक्षक राजेंद्र कुमार यादव ने बताया कि मौसम अनुकूल होने के बाद सर्दियों की शुरुआत में दूसरे चरण का उत्खनन शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि इसके लिए सभी तकनीकी और प्रशासनिक तैयारियां तेजी से पूरी की जा रही हैं, ताकि निर्धारित समय पर खुदाई का कार्य शुरू हो सके। सर्वेक्षण के दौरान उप अधीक्षण पुरातत्व अभियंता दिलीप कुमार, सहायक अधीक्षण पुरातत्व अभियंता पंकज तिवारी, सहायक अभियंता अखिलेश तिवारी और सर्वेक्षक राम नरेश यादव सहित कई अधिकारी मौजूद रहे।

Location :  Maharajganj

Published :  10 July 2026, 6:23 PM IST