दीपावली पर स्वच्छता का संदेश लेकर सड़कों पर उतरे डीएम, खुद मिट्टी के दीये खरीदे

दीपावली सिर्फ घरों को रोशन करने का त्योहार नहीं, बल्कि दूसरों के जीवन में खुशियों का उजाला फैलाने का भी अवसर है। इसी भावना को आत्मसात करते हुए जिलाधिकारी प्रणय सिंह ने दीपावली के मद्देनजर शहर की सफाई व्यवस्था का जायजा लिया।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 6 November 2026, 6:29 PM IST

Kasganj: उत्तर प्रदेश के कासगंज जिले में दीपावली सिर्फ घरों को रोशन करने का त्योहार नहीं, बल्कि दूसरों के जीवन में खुशियों का उजाला फैलाने का भी अवसर है। इसी भावना को आत्मसात करते हुए जिलाधिकारी प्रणय सिंह ने दीपावली के मद्देनजर शहर की सफाई व्यवस्था का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने न केवल अधिकारियों को स्वच्छता के प्रति जिम्मेदारी का अहसास कराया, बल्कि खुद स्थानीय कारीगरों द्वारा बनाए गए मिट्टी के दीये खरीदकर स्वदेशी अपनाने और कुम्हारों के हुनर को सम्मान देने की प्रेरक पहल भी की।

जिलाधिकारी ने नगर क्षेत्र की प्रमुख सड़कों, बाजारों और सार्वजनिक स्थलों का निरीक्षण कर साफ-सफाई की स्थिति देखी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों एवं नगर निकाय के कर्मचारियों को निर्देश दिए कि दीपावली के दौरान विशेष स्वच्छता अभियान चलाया जाए। बाजारों और प्रमुख चौराहों पर नियमित सफाई, कूड़े का समय से उठान, नालियों की सफाई तथा पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि त्योहार के दौरान आमजन को गंदगी और अव्यवस्थाओं का सामना न करना पड़े। स्वच्छता के काम में किसी भी तरह की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

कारीगरों के चेहरे पर मुस्कान लाने की पहल

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने स्थानीय कारीगरों एवं कुम्हारों द्वारा तैयार किए गए मिट्टी के दीयों की खरीदारी की। उनकी यह पहल केवल खरीदारी तक सीमित नहीं रही, बल्कि स्थानीय हुनर को सम्मान देने और पारंपरिक व्यवसाय से जुड़े परिवारों को आर्थिक संबल प्रदान करने का संदेश भी बनी। उन्होंने कहा कि मिट्टी के दीये हमारी संस्कृति, परंपरा और लोक कला की पहचान हैं। इनका उपयोग करने से जहां परंपराएं जीवित रहती हैं, वहीं स्थानीय कारीगरों को रोजगार और आजीविका का सहारा मिलता है।

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डीएम ने जनपदवासियों से अपील की कि इस दीपावली पर बाजारों में उपलब्ध स्थानीय कारीगरों के मिट्टी के दीयों और स्वदेशी उत्पादों को प्राथमिकता दें। छोटी-सी खरीदारी भी किसी कारीगर के परिवार के लिए बड़ी खुशी और आर्थिक मदद का माध्यम बन सकती है। स्थानीय उत्पादों को अपनाना केवल परंपरा का सम्मान नहीं, बल्कि अपनी अर्थव्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में भी महत्वपूर्ण कदम है।

बाजारों और सार्वजनिक स्थलों का निरीक्षण (Img: Dynamite News)

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अपनी खुशियों के साथ शहर की जिम्मेदारी भी निभाएं

जिलाधिकारी ने कहा कि दीपावली का पर्व आपसी प्रेम, सौहार्द और भाईचारे के साथ मनाया जाए। प्रत्येक नागरिक अपने घर के साथ आसपास के सार्वजनिक स्थलों को भी स्वच्छ रखने में सहयोग करे। कूड़ा निर्धारित स्थानों पर ही डालें और पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी जिम्मेदारी समझें। उन्होंने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को भी अपने-अपने कार्यक्षेत्र में स्वच्छता, सुरक्षा और जनसुविधाओं की बेहतर व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने जनपदवासियों को दीपावली की शुभकामनाएं देते हुए सभी के जीवन में सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की।

संदेश साफ है, इस दीपावली घरों में दीये जलाने के साथ उन हाथों में भी खुशियों का उजाला पहुंचाएं, जो दिन-रात मेहनत कर इन दीयों को तैयार करते हैं। स्वच्छ शहर, स्वदेशी उत्पाद और खुशहाल कारीगर ही त्योहार की असली रौनक हैं।

Location :  Kasganj

Published :  6 November 2026, 6:29 PM IST