गोरखपुर विकास प्राधिकरण कर्मचारी संगठन के चुनाव में अभय कुमार श्रीवास्तव ने अध्यक्ष पद पर शानदार जीत दर्ज की। कुल 114 वोटों में उन्हें 78 मत मिले। चुनाव शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से संपन्न हुआ। उपाध्यक्ष पद पर निर्मल सिंह और महामंत्री पद पर पवन त्रिपाठी निर्वाचित हुए।

गोरखपुर विकास प्राधिकरण का चुनाव संपन्न (Img: Dynamite News)
Gorakhpur: गोरखपुर विकास प्राधिकरण (जीडीए) के संयुक्त कर्मचारी संगठन के वर्ष 2025-26 के लिए नई कार्यकारिणी के गठन के लिए शनिवार को चुनाव शांतिपूर्ण और उत्साहपूर्ण माहौल में संपन्न हुआ।
डाइनामाइट न्यूज़ संवददाता के अनुसार, इस दौरान कर्मचारियों में खासा उत्साह देखने को मिला और उन्होंने बढ़-चढ़कर मतदान में हिस्सा लिया। चुनाव प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी ढंग से संपन्न कराई गई।
अध्यक्ष पद के लिए अभय कुमार श्रीवास्तव, जितेन्द्र कुमार श्रीवास्तव और अरुण सिंह के बीच त्रिकोणीय मुकाबला हुआ। वहीं उपाध्यक्ष पद पर निर्मल सिंह और दिलीप गुप्ता आमने-सामने थे। महामंत्री (मंत्री) पद के लिए पवन त्रिपाठी एकमात्र प्रत्याशी थे, जिन्हें निर्विरोध निर्वाचित घोषित किया गया।
इस दौरान, कुल 114 मत पड़े। मतगणना के बाद अध्यक्ष पद पर अभय कुमार श्रीवास्तव ने शानदार जीत दर्ज की। उन्हें कुल 78 मत प्राप्त हुए, जबकि उनके निकटतम प्रतिद्वंद्वी जितेन्द्र कुमार श्रीवास्तव को 30 मत मिले। तीसरे प्रत्याशी अरुण सिंह को 6 मतों से संतोष करना पड़ा। उपाध्यक्ष पद पर निर्मल सिंह ने भारी मतों से जीत हासिल की। उन्हें 97 मत प्राप्त हुए, जबकि दिलीप गुप्ता को 19 मत मिले।
चुनाव परिणाम घोषित होते ही प्राधिकरण परिसर में उत्सव जैसा माहौल बन गया। समर्थकों और कर्मचारियों ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों का फूल-मालाओं से जोरदार स्वागत किया और उन्हें जीत की बधाइयां दीं। इस दौरान पूरे परिसर में खुशी और उत्साह का माहौल देखने को मिला।
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नवनिर्वाचित अध्यक्ष अभय कुमार श्रीवास्तव, उपाध्यक्ष निर्मल सिंह और महामंत्री पवन त्रिपाठी ने कर्मचारियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह जीत कर्मचारियों के विश्वास और समर्थन का परिणाम है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि संगठन की मजबूती, कर्मचारियों के हितों की रक्षा और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए पूरी निष्ठा और ईमानदारी से कार्य किया जाएगा।
पदाधिकारियों ने संगठन में एकता बनाए रखने और प्रशासन के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों के हित सर्वोपरि हैं और उनकी आवाज को मजबूती से उठाया जाएगा।