गोरखपुर में मौसम बना दुश्मन, लहलहाती फसल पर मंडराया संकट, किसान बोले- बड़ी मुश्किल सामने!

गोरखपुर में अचानक बारिश और तेज हवा ने गेहूं और सरसों की फसल को खतरे में डाल दिया। किसान फसल गिरने और उत्पादन प्रभावित होने की आशंका जताते हुए प्रशासन से राहत और फसल बीमा लाभ की मांग कर रहे हैं।

Post Published By: Tanya Chand
Updated : 21 March 2026, 1:38 PM IST

Gorakhpur: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में मौसम के अचानक बदलते मिजाज ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। शनिवार को आसमान में छाए घने काले बादल और रुक-रुक कर हो रही बारिश ने खेतों में खड़ी गेहूं और सरसों की फसल पर खतरे के बादल मंडरा दिए हैं।

फसल को खतरा, उत्पादन पर असर

ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों का कहना है कि इस समय बारिश उनके लिए किसी जहर से कम नहीं है। फसल पकने की स्थिति में है और बारिश होने से दाने काले पड़ सकते हैं, बालियां झुक सकती हैं और उत्पादन सीधे प्रभावित हो सकता है। कई जगहों पर खेतों में पानी भरने की संभावना भी जताई जा रही है।

किसानों की चिंता और अनुभव

गोरखपुर ग्रामीण क्षेत्र के अनुभवी किसान उदयभान मणि त्रिपाठी, अशोक सिंह, रामजी दुबे, सत्यनारायण सिंह और नरेंद्र दुबे समेत दर्जनों किसानों ने मौसम को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की है। उनका कहना है कि अगर लगातार बारिश होती रही, तो महीनों की मेहनत पर पानी फिर सकता है।

सुबह पेड़ पर लटका मिला युवक का शव… हत्या या आत्महत्या? गोरखपुर की इस गुत्थी ने बढ़ाई सनसनी

फसल कटाई और गुणवत्ता पर प्रभाव

किसानों के मुताबिक, गेहूं की फसल कटाई के बिल्कुल करीब है, जबकि सरसों भी तैयार खड़ी है। बारिश और तेज हवा से फसल गिरने का खतरा बढ़ गया है। इससे न केवल उत्पादन घटेगा, बल्कि गुणवत्ता पर भी असर पड़ेगा, जिससे बाजार में सही मूल्य मिलना मुश्किल हो जाएगा।

प्रशासन और राहत की मांग

किसानों ने प्रशासन से अपील की है कि मौसम की स्थिति को देखते हुए उचित सलाह और राहत की व्यवस्था की जाए। साथ ही फसल बीमा योजनाओं का लाभ समय पर दिलाने की मांग की गई है, ताकि संभावित नुकसान की भरपाई हो सके।

गोरखपुर में कीचड़ बनी ‘मौत की सड़क’, नैपुरा मोड़ पर ग्रामीण राहगीरों का हंगामा

मौसम विभाग की चेतावनी और भविष्य की उम्मीद

मौसम विभाग की चेतावनी और बदलते हालातों के बीच किसान आसमान की ओर टकटकी लगाए हुए हैं। हर गुजरता घंटा उनकी चिंता को और बढ़ा रहा है। अब सभी की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि मौसम कब साफ होगा और फसल सुरक्षित रहेगी।

Location : 
  • Gorakhpur

Published : 
  • 21 March 2026, 1:38 PM IST