Deoria: UP रोडवेज कर्मियों की सूझबूझ से बची गर्भवती और नवजात की जान

देवरिया में उत्तर प्रदेश रोडवेज के चालक और परिचालक की तत्परता ने एक गर्भवती महिला और उसके नवजात की जान बचा ली। प्रसव पीड़ा शुरू होने पर बस को सीधे मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया, जहां महिला ने स्वस्थ बेटे को जन्म दिया।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 21 June 2026, 9:21 PM IST

Deoria: उत्तर प्रदेश रोडवेज के चालक और परिचालक की मानवीय संवेदनशीलता और तत्परता के चलते एक गर्भवती महिला और उसके नवजात की जान सुरक्षित बच गई। समय रहते सही फैसला लेने के कारण महिला को अस्पताल पहुंचाया जा सका, जहां उसने एक स्वस्थ बेटे को जन्म दिया।

बस यात्रा के दौरान शुरू हुई प्रसव पीड़ा

जानकारी के अनुसार, लार क्षेत्र के गौरी ठाकुर गांव निवासी सपना देवी, पत्नी अजीत ठाकुर, शनिवार को रोडवेज बस से गोरखपुर जा रही थीं। यात्रा के दौरान जब बस सोनूघाट चौराहे के पास पहुंची, तभी उन्हें अचानक तेज प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। महिला की हालत बिगड़ती देख बस में मौजूद यात्रियों के साथ चालक और परिचालक भी चिंतित हो गए। स्थिति की गंभीरता को समझते हुए चालक मुन्ना खान और परिचालक अजीत कुमार ने तत्काल निर्णय लिया।

बस को सीधे मेडिकल कॉलेज ले गए

चालक और परिचालक ने बिना समय गंवाए यात्रियों से भरी बस को सीधे देवरिया मेडिकल कॉलेज के महिला विंग की ओर मोड़ दिया। अस्पताल पहुंचते ही महिला को चिकित्सकों की निगरानी में भर्ती कराया गया और आवश्यक उपचार शुरू किया गया। डॉक्टरों ने बताया कि समय पर अस्पताल पहुंचने के कारण महिला को तुरंत चिकित्सा सुविधा मिल सकी, जिससे किसी भी प्रकार की जटिलता से बचाव हुआ।

15 मिनट बाद हुआ बेटे का जन्म

मेडिकल कॉलेज में भर्ती होने के लगभग 15 मिनट बाद सपना देवी ने एक स्वस्थ बेटे को जन्म दिया। चिकित्सकों के अनुसार जच्चा और बच्चा दोनों पूरी तरह स्वस्थ हैं और उनकी स्थिति सामान्य है। परिजनों ने भी चालक और परिचालक के इस सराहनीय कार्य के लिए उनका आभार व्यक्त किया।

यात्रियों ने की प्रशंसा

बस में मौजूद यात्रियों ने चालक और परिचालक की संवेदनशीलता और कर्तव्यनिष्ठा की जमकर सराहना की। लोगों का कहना है कि यदि समय पर महिला को अस्पताल नहीं पहुंचाया जाता तो गंभीर स्थिति उत्पन्न हो सकती थी। यात्रियों ने कहा कि रोडवेज कर्मियों ने इंसानियत और सेवा भावना की मिसाल पेश की है।

क्षेत्र में हो रही सराहना

कर्तव्य निभाने के बाद चालक मुन्ना खान और परिचालक अजीत कुमार बस को लेकर अपने निर्धारित गंतव्य गोरखपुर के लिए रवाना हो गए। उनके इस कार्य की क्षेत्रभर में चर्चा हो रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि रोडवेज कर्मियों की यह संवेदनशीलता समाज के लिए प्रेरणादायक है। उनकी तत्परता ने न केवल एक मां की जान बचाई, बल्कि एक नवजात को भी सुरक्षित जीवन की शुरुआत दिलाई।

Location :  Deoria

Published :  21 June 2026, 9:21 PM IST