
अनिल कुमार सिसोदिया पुलिस अधीक्षक रामपुर (IMG: Dynamite News)
Rampur: उत्तर प्रदेश के रामपुर में गोकशी की घटनाओं को लेकर पुलिस प्रशासन ने सख्त रुख अपनाने का संकेत दिया है। प्रेसवार्ता के दौरान पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार सिसोदिया ने कहा कि जिले में गोकशी से जुड़े अपराधियों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने हिस्ट्रीशीटरों और पुराने आरोपियों का सत्यापन कराने तथा उनके रिकॉर्ड को अपडेट करने की बात कही। हालांकि, प्रेसवार्ता के दौरान उनकी ओर से इस्तेमाल किए गए कुछ शब्दों को लेकर विवाद भी खड़ा हो गया है और सोशल मीडिया पर उनके बयान की चर्चा तेज हो गई है।
पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार सिसोदिया ने कहा कि पिछले कुछ दिनों में शहर के विभिन्न इलाकों से गोकशी से जुड़ी घटनाएं सामने आई हैं। उनके अनुसार कुछ लोग जिले की शांति व्यवस्था को प्रभावित करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि पिछले पांच और दस वर्षों में गोकशी के मामलों में जेल जा चुके हिस्ट्रीशीटरों और वांछित आरोपियों का रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा। उनके फोटो और विवरण का सत्यापन कर अलग से निगरानी रखी जाएगी।
एसपी ने बताया कि पुलिस महानिदेशक (DGP) द्वारा लॉन्च किए गए ऐप में पहले से अपराधियों का डेटा दर्ज है। इसी डेटा के आधार पर सक्रिय अपराधियों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
रामपुर में दर्दनाक हादसा: तालाब में डूबने से दो मासूम बच्चों की मौत, गांव में पसरा मातम
प्रेसवार्ता के दौरान एसपी ने देवबंद स्थित दारुल उलूम का उल्लेख करते हुए कहा कि इस्लामी विद्वानों की ओर से पहले भी ऐसे धार्मिक विचार व्यक्त किए गए हैं कि दूसरे धर्म की आस्था को ठेस पहुंचाने वाले कार्यों से बचना चाहिए। इसी संदर्भ में उन्होंने गोकशी के आरोपियों के बारे में कुछ कड़ी टिप्पणियां भी कीं।
Location : Rampur
Published : 6 August 2026, 6:17 PM IST