हिंदी
उत्तर प्रदेश पुलिस पुछताछ करते हुए
Bijnor: जिले में एक दुखद घटना सामने आई है। नांगल सोती थाना क्षेत्र के गांव जीतपुर खास में विवाह समारोह से लाए गए रसगुल्ले खाने के बाद सात लोगों की तबीयत बिगड़ गई। सभी को उल्टी, दस्त और पेट दर्द की शिकायत होने लगी। इलाज के दौरान दो साल के एक मासूम बच्चे की मौत हो गई, जबकि अन्य लोगों का उपचार जारी है। घटना के बाद गांव में मातम का माहौल है और परिवार के लोग सदमे में हैं।
जानकारी के अनुसार, गांव की रहने वाली 65 वर्षीय सुधा देवी करीब पांच दिन पहले एक शादी समारोह में शामिल होने गई थीं। वहां से वह रसगुल्ले अपने घर लेकर आई थीं। घर पहुंचने के बाद परिवार के लोगों ने रसगुल्ले खाए। इसके अलावा पड़ोसी परिवार के कुछ लोगों ने भी मिठाई खाई थी। कुछ समय बाद सभी लोगों की तबीयत खराब होने लगी। पहले पेट दर्द की शिकायत हुई, फिर उल्टी और दस्त शुरू हो गए। हालत बिगड़ने पर परिजन सभी को अस्पताल लेकर पहुंचे।
फूड पॉइजनिंग की चपेट में आने वालों में राजीव का दो वर्षीय बेटा देव कुमार, छह वर्षीय कार्तिक, सोनू का चार वर्षीय बेटा रितिक, चार वर्षीय बेटी पल्लवी, पड़ोसी संदीप, उनकी पत्नी नीतू और 12 वर्षीय बेटा वंश शामिल हैं। सभी को गांव के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया। इलाज के दौरान दो वर्षीय देव कुमार की हालत ज्यादा बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई। वहीं पल्लवी की हालत अभी भी गंभीर बताई जा रही है और उसका इलाज चल रहा है। बाकी लोगों की स्थिति में सुधार बताया जा रहा है।
घटना के बाद गांव में डर और चिंता का माहौल है। लोग इस बात से हैरान हैं कि शादी से लाई गई मिठाई खाने के बाद इतनी बड़ी घटना हो गई। ग्रामीणों का कहना है कि अगर मिठाई खराब थी, तो शायद लंबे समय तक रखे रहने की वजह से उसमें संक्रमण हो गया होगा। हालांकि असली कारण जांच के बाद ही साफ हो पाएगा।
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। क्षेत्राधिकारी आकांक्षा गौतम और थाना प्रभारी राम प्रताप ने गांव पहुंचकर परिजनों और ग्रामीणों से जानकारी ली। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है।
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र नजीबाबाद के प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. अंकित चौधरी ने बताया कि इस मामले की जानकारी स्वास्थ्य विभाग को पहले नहीं मिली थी। उन्होंने कहा कि फूड पॉइजनिंग जैसी स्थिति में मरीजों को तुरंत अस्पताल पहुंचाना चाहिए और डॉक्टर की निगरानी में इलाज कराना जरूरी होता है। डॉक्टरों ने लोगों से अपील की है कि लंबे समय तक रखी मिठाइयों और खाने-पीने की चीजों का इस्तेमाल करने से पहले सावधानी बरतें।
दो वर्षीय देव कुमार की मौत के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव के लोग भी इस घटना से दुखी हैं। एक छोटी सी लापरवाही ने एक परिवार से उसका मासूम बच्चा छीन लिया। फिलहाल पुलिस और स्वास्थ्य विभाग मामले की जांच में जुटे हुए हैं।
Location : Bijnor
Published : 11 June 2026, 7:55 PM IST