
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ याचिका खारिज
Prayagraj : धर्म, कानून और अदालत के बीच चल रही चर्चित लड़ाई में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती को इलाहाबाद हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। उनके खिलाफ दाखिल अवमानना याचिका को कोर्ट ने खारिज कर दिया है। याचिकाकर्ता ने आरोप लगाया था कि शंकराचार्य ने अग्रिम जमानत की शर्तों का उल्लंघन किया है। जिसके चलते उनके खिलाफ अदालत की अवमानना की कार्रवाई होनी चाहिए। हालांकि हाईकोर्ट ने मामले में हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया।
यह मामला एफआईआर से जुड़ा है जो पॉक्सो एक्ट के तहत दर्ज कराई गई थी। याचिकाकर्ता आशुतोष ब्रह्मचारी ने अदालत में दावा किया था कि स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और उनके शिष्य को जो अग्रिम जमानत मिली थी। उसकी शर्तों का पालन नहीं किया गया। इसी आधार पर उन्होंने हाईकोर्ट में अवमानना याचिका दाखिल की थी।
याचिका में प्रयागराज की मंडलायुक्त, पुलिस आयुक्त और कई प्रशासनिक अधिकारियों को भी पक्षकार बनाया गया था। आरोप था कि प्रशासन ने भी जमानत की शर्तों के उल्लंघन पर उचित कार्रवाई नहीं की।
मामले की शुरुआती सुनवाई इलाहाबाद हाईकोर्ट की एकल पीठ में हुई थी। जहां न्यायमूर्ति रोहित रंजन अग्रवाल ने सुनवाई से खुद को अलग कर लिया था। उन्होंने मामले को दूसरी पीठ के समक्ष सुनवाई के लिए मुख्य न्यायाधीश को रेफर कर दिया था। इसके बाद दूसरी पीठ में सुनवाई हुई और अदालत ने अवमानना याचिका को खारिज कर दिया।
प्रयागराज-दादरी स्पेशल ट्रेन का समय बदला, 17 मई से लागू होगी व्यवस्था, जानिये अब क्या होगी टाइमिंग?
हाईकोर्ट के इस फैसले को स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है। लंबे समय से यह मामला धार्मिक और कानूनी दोनों हलकों में चर्चा का विषय बना हुआ था। अब अवमानना याचिका खारिज होने के बाद फिलहाल उन्हें इस मामले में राहत मिल गई है।
Location : Prayagraj
Published : 15 May 2026, 6:24 PM IST