अखिलेश यादव ने लखनऊ में डॉ. राम मनोहर लोहिया जयंती पर ममता बनर्जी के समर्थन में बड़ा बयान दिया। उन्होंने दावा किया कि पश्चिम बंगाल की जनता फिर से ममता सरकार को चुनेगी। साथ ही जाति जनगणना, कानून व्यवस्था और भाजपा पर तीखा हमला बोला।

सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव का बड़ा बयान (Img: Internet)
Lucknow: लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम के दौरान अखिलेश यादव ने पश्चिम बंगाल की राजनीति को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने विश्वास जताया कि बंगाल की जनता एक बार फिर ममता बनर्जी की सरकार को ही चुनेगी। उनके इस बयान से राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है।
दरअसल, सोमवार को समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने डॉ. राम मनोहर लोहिया की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। लखनऊ के लोहिया पार्क, गोमतीनगर में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने लोहिया की प्रतिमा पर पुष्प चढ़ाए और उनके विचारों को याद किया।
अखिलेश यादव ने अपने संबोधन में कहा कि भाजपा चुनाव आयोग के जरिए चाहे जितनी भी बाधाएं खड़ी करे, लेकिन पश्चिम बंगाल की जनता विकास कार्यों को देखते हुए ममता बनर्जी को ही सत्ता में वापस लाएगी। उन्होंने कहा कि बंगाल में हर स्तर पर विकास हुआ है और जनता इस बात को समझती है।
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अखिलेश यादव ने जनगणना को लेकर भी केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि हाल ही में जारी विज्ञापन में जाति का विकल्प नहीं दिया गया है, जो एक बड़ी कमी है। समाजवादी पार्टी लंबे समय से “जिसकी जितनी भागीदारी, उसकी उतनी हिस्सेदारी” की मांग करती रही है। उनका मानना है कि इससे सामाजिक समानता को बढ़ावा मिलेगा।
रसोई गैस की किल्लत को लेकर कार्यकर्ताओं के प्रदर्शन पर दर्ज एफआईआर को लेकर अखिलेश यादव ने सरकार की आलोचना की। उन्होंने एक कहावत दोहराते हुए कहा कि “जब लोहा गरम हो, तभी हथौड़े से वार करना चाहिए,” यानी सही समय पर जनता की आवाज उठाना जरूरी है।
संजय निषाद के गोरखपुर में रोने के मामले पर टिप्पणी करते हुए अखिलेश ने कहा कि यह उनके प्रायश्चित के आंसू हैं। साथ ही उन्होंने राज्य में कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए वाराणसी में दिनदहाड़े छात्र की हत्या का मुद्दा भी उठाया।