महराजगंज: नहीं रहे शिक्षा दान के अग्रदूत शिक्षक रामकिशुन, धनी व्यक्तित्व का निधन

महराजगंज ही नहीं अपितु अन्य जनपदों में शिक्षा की अलख जगाने वाले वयोवद्ध शिक्षक रामकिशुन आज रविवार को पंचतत्व में विलीन हुए। पढ़ें डाइनामाइट न्यूज की पूरी रिपोर्ट

Post Published By: डीएन ब्यूरो
Updated : 25 August 2024, 6:12 PM IST

महराजगंज: सूबे के गोरखपुर (Gorakhpur) व महराजगंज (Maharajganj) जनपद के राजकीय, परिषदीय, पूर्व माध्यमिक विद्यालयों (School) में विभिन्न स्थानों सहित अंतिम दस वर्षों में सेमरा चंद्रौली, जड़ार व सेमरा राजा आदि स्थानों में बतौर विज्ञान शिक्षक (Teacher) के रूप में लगभग 40 वर्षों तक सेवा देने के बाद सेवानिवृत्त हुए रामकिशुन (Ram kishunu) रविवार को पंचतत्व में विलीन हुए। 

शिक्षा का दान 

सेवानिवृत्त होने के बाद रामकिशुन घुघली क्षेत्र के अपने पैतृक गांव लक्ष्मीपुर शिवाला स्थित कंपोजिट विद्यालय में अवैतनिक शिक्षा का दान करते रहे। शिक्षक रामकिशुन का शनिवार 24 अगस्त की शाम को उनके महराजगंज स्थित आवास पर निधन हो गया। वे 84 वर्ष के थे तथा पिछले एक वर्ष से लीवर सिरोसिस से पीड़ित थे। रविवार की दोपहर घुघली स्थित छोटी गंडक नदी के बैकुंठी घाट पर उनका अंतिम संस्कार कर दिया गया। उनके इकलौते बेटे नित्यानंद त्रिपाठी ने उन्हें मुखाग्नि दी।

रहे मौजूद 

इस मौके पर रोटरी क्लब महराजगंज के वरिष्ठ पदाधिकारी विंध्यवासिनी सिंह, उमेशचन्द त्रिपाठी, विश्वामित्र पटेल, इंद्रजीत गिरी, सुरेशचंद पटेल, लोकपति त्रिपाठी, नरेंद्र तिवारी आदि मौजूद रहे।

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  • 25 August 2024, 6:12 PM IST