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लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में शिक्षक भर्ती के लिए कैंडल मार्च के साथ प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर लखनऊ पुलिस ने कल देर शाम बर्बरता से लाठीचार्ज किया। यूपी पुलिस ने छात्रों दौड़ा दौड़ा कर पीटा। यूपी पुलिस की बर्बरता के कारण कई छात्रों के घायल होन की खबरें हैं। घटना के बाद योगी सरकार विपक्षी दलों के निशाने पर आ गई है। सरकार पर सवाल उठाये जा रहे हैं और मामले को लेकर राजनीती भी गरमाने लगी है।
बता दें कि कल देर शाम लखनऊ में शिक्षक की नौकरी चाह रहे युवा 1090 चौराहे पर कैंडिल मार्च निकाल रहे थे। तभी पुलिस आ गई और पुलिस द्वारा प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर लाठियां बरसाई गईं। पुलिस ने बरब्र तरीके से युवाओं को खदेड़ा। शिक्षक अभ्यर्थियों की मांग है 69 हजार शिक्षकों की बहाली की जाए। साथ ही 22 हजार सीट और जोड़ी जाएं।
छात्रों पर पुलिस की इस बर्बर कार्रवाई को लेकर विपक्षी नेताओं ने योगी सरकार के तौर-तरीकों पर सवाल उठाया है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने ट्वीट कर योगी सरकार सरकार को आड़े हाथो लिया। अखिलेश ने लिखा, ‘’भाजपा के राज में भावी शिक्षकों पर लाठीचार्ज करके ‘विश्व गुरु’ बनने का मार्ग प्रशस्त किया जा रहा है. हम 69000 शिक्षक भर्ती की मांगों के साथ हैं, युवा कहे आज का- नहीं चाहिए भाजपा।’’
भाजपा के राज में भावी शिक्षकों पर लाठीचार्ज करके ‘विश्व गुरु’ बनने का मार्ग प्रशस्त किया जा रहा है।
हम 69000 शिक्षक भर्ती की माँगों के साथ हैं।
युवा कहे आज का ~ नहीं चाहिए भाजपा#भाजपा_ख़त्म pic.twitter.com/Ns1FpknRG7
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) December 4, 2021
कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने ट्विट कर कहा “रोज़गार माँगने वालों को #UP सरकार ने लाठियाँ दीं, जब भाजपा वोट माँगने आए तो याद रखना”!
रोज़गार माँगने वालों को #UP सरकार ने लाठियाँ दीं-
जब भाजपा वोट माँगने आए तो याद रखना! pic.twitter.com/ZZGg9thd7n— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) December 5, 2021
पुलिस की बर्बरता से छात्रों में रोष व्याप्त हैं। सपा-कांग्रेस के अलावा अन्य कई विपक्षी दलों के नेताओं ने भी घटना को लेकर योगी सरकार पर हमला बोला है।
Published : 5 December 2021, 11:39 AM IST
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