
बलिया: जनपद में जन्मजात मूक-बधिर बच्चों के लिए पंजीकरण शिविर का आयोजन किया गया। जिला पुरुष चिकित्सालय में शिविर लगाया गया और इस दौरान चिकित्सकों ने मूक-बधिर बच्चों का परीक्षण किया गया, जिसके बाद जरूरतमंद कई बच्चों को ऑपरेशन के लिये लखनऊ बुलाया गया। ।
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डाइनामाइट न्यूज संवाददाता के अनुसार अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ अशोक कुमार ने बताया कि शिविर में 55 बच्चों का पंजीकरण हुआ, जिसमें 21 बच्चे ऑपरेशन एवं अन्य जांच के लिए लखनऊ बुलाये गये।
उन्होंने बताया कि जन्मजात बीमारियों से ग्रसित बच्चों की समस्या व उनके निदान के लिये आरबीएसके, शिक्षा विभाग और आईसीडीएस की टीम समन्वय स्थापित कर निरंतर कार्य कर रही है। जो मरीज पंजीकरण तथा परीक्षण का लाभ नहीं उठा पाए है वह अपने ब्लाक की आरबीएसके टीम से संपर्क कर बाद में भी पंजीकरण करवा सकते हैं।
बाल रोग विशेषज्ञ डॉ ए.के. उपाध्याय ने बताया कि जन्मजात मूक-बधिरता को माता पिता शुरुवाती दौर में नहीं समझ पाते है। लिहाजा समय से उचित चिकित्सीय परामर्श न मिलने से उक्त बीमारी का इलाज मुश्किल हो जाता है।
राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के प्रभारी डॉ संतोष कुमार मिश्रा ने बताया कि जिलाधिकारी रवींद्र कुमार के निर्देश और मुख्य चिकित्साधिकारी के मार्गदर्शन में इस कैम्प का आयोजन किया गया था। भविष्य में भी इस तरह के शिविर लगाए जाएंगे।
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परीक्षण एवं पंजीकरण को सफल बनाने में विनायक कॉस्मेटिक सर्जरी सेंटर के रमेश अवस्थी सहित संजय मिश्रा, डॉ बरमेश्वर सिंह, डॉ कन्हैया ओझा, डॉ बद्री यादव,डॉ तारिक खान,डॉ आनंद सिंह,डॉ प्रशांत सिंह, डॉ शगिर हसन, डॉ नेहाल अहमद, डॉ विनोद कुमार सहित सभी चिकित्सक टीम के साथ मौजूद थे।
यह परीक्षण शिविर विनायक कॉस्मेटिक सर्जरी एवं लेजर सेन्टर लखनऊ के तत्वावधान में लगाया गया।
Published : 29 February 2024, 5:12 PM IST
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