Karwa Chauth 2026: छलनी से चांद और पति का चेहरा क्यों देखती हैं महिलाएं? जानें इस रस्म के पीछे की असली वजह?

जानिए करवा चौथ पर महिलाएं छलनी से चांद और पति का चेहरा क्यों देखती हैं। जानें इस परंपरा से जुड़ी धार्मिक मान्यताएं और चंद्रोदय समय की जानकारी...

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 27 October 2026, 11:10 AM IST
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New Delhi: हिंदू धर्म में करवा चौथ का विशेष महत्व माना जाता है। इस दिन सुहागिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र, अच्छी सेहत और सुखी वैवाहिक जीवन की कामना के साथ व्रत रखती हैं। महिलाएं सोलह शृंगार करती हैं, पूजा की थाली सजाती हैं और करवा माता की कथा सुनती हैं। इस व्रत में चंद्रमा को अर्घ्य देने और छलनी से पहले चांद, फिर पति का चेहरा देखने की परंपरा खास मानी जाती है। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि आखिर करवा चौथ पर छलनी से ही चांद और पति का चेहरा क्यों देखा जाता है?

करवा चौथ पर पति को छलनी से देखने की परंपरा

धार्मिक मान्यताओं और लोक परंपराओं में छलनी से पति का चेहरा देखने की रस्म को दांपत्य जीवन में प्रेम, विश्वास और सुख-समृद्धि की कामना से जोड़ा जाता है। छलनी का इस्तेमाल चीजों को छानने के लिए किया जाता है। प्रतीकात्मक रूप से इसे जीवन की नकारात्मकता को दूर रखने और रिश्ते में अच्छाई बनाए रखने की कामना से भी जोड़ा जाता है।

व्रत पूरा करने के दौरान महिलाएं पहले छलनी से चंद्रमा को देखती हैं और फिर उसी छलनी से अपने पति का चेहरा निहारती हैं। इसके बाद पति के हाथों जल ग्रहण करके व्रत खोलने की परंपरा निभाई जाती है। हालांकि, अलग-अलग क्षेत्रों और परिवारों में इस रस्म के तरीके और उससे जुड़ी मान्यताएं अलग हो सकती हैं।

छलनी से चांद देखने के पीछे क्या है मान्यता?

करवा चौथ पर छलनी से चंद्रमा देखने को लेकर कई धार्मिक मान्यताएं प्रचलित हैं। परंपरा के अनुसार, चंद्रमा को अर्घ्य देने और उसके दर्शन के बाद पति का चेहरा देखने से व्रत की रस्म पूरी होती है। इसके पीछे पति की लंबी उम्र, अच्छे स्वास्थ्य और वैवाहिक जीवन में सुख-शांति की कामना जुड़ी है।

कुछ लोग छलनी को चंद्रमा की रोशनी और पति के चेहरे के बीच एक प्रतीकात्मक माध्यम के रूप में भी देखते हैं। हालांकि, छलनी से चांद देखने की परंपरा के पीछे बताए जाने वाले अर्थ लोक मान्यताओं और क्षेत्रीय रीति-रिवाजों पर आधारित हैं। इसे किसी एक निश्चित धार्मिक व्याख्या तक सीमित नहीं किया जा सकता।

Location :  New Delhi

Published :  27 October 2026, 11:10 AM IST

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