Zomato, Swiggy, Blinkit और Zepto से डिलीवरी बंद! ईंधन के दाम बढ़ने से लाखों डिलीवरी और कैब चालकों की कमाई प्रभावित

पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों के विरोध में पार्ट टाइम फूड डिलीवरी और अन्य ऐसे ऐप में काम करने वाले स्टूडेंट्स में काफी आक्रोश पैदा हो गया। जिसकी वजह से ऐसे युवक सड़क पर उतरने को मजबूर हो गए हैं। इसलिए इन लोगों ने दोपहर 12 से 5 बजे तक ऐप सेवाएं बंद रखने की अपील की है। यूनियन ने 20 रुपये प्रति किलोमीटर भुगतान की मांग उठाई है।

Post Published By: Mayank Tawer
Updated : 16 May 2026, 12:46 PM IST
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New Delhi: देश में पेट्रोल और डीजल की बढ़ती कीमतों को लेकर फूड डिलीवरी, zepto और blinkit में काम करने वाले युवाओं में गुस्सा देखने को मिल रहा है। इसी मुद्दे पर गिग और प्लेटफॉर्म सेवा श्रमिक संघ (GIPSWU) ने सरकार और डिजिटल प्लेटफॉर्म कंपनियों के खिलाफ देशव्यापी विरोध प्रदर्शन का ऐलान कर दिया है। यूनियन का कहना है कि लगातार बढ़ते ईंधन दामों ने लाखों डिलीवरी और कैब चालकों की कमाई को प्रभावित किया है।

20 रुपये प्रति किलोमीटर की मांग पर अड़ा संघ

संघ ने साफ कहा है कि फूड डिलीवरी, कैब सेवा और लॉजिस्टिक्स से जुड़े ऐप वर्कर्स को कम से कम 20 रुपये प्रति किलोमीटर की दर से भुगतान किया जाना चाहिए। संगठन ने यह भी अपील की है कि दोपहर 12 बजे से शाम 5 बजे तक देशभर में ऐप सेवाओं को अस्थायी रूप से बंद रखा जाए, जिससे विरोध को मजबूती मिल सके। यूनियन का मानना है कि मौजूदा दरें ईंधन की बढ़ती कीमतों के मुकाबले बेहद कम हैं और इससे कामगारों को भारी नुकसान हो रहा है।

पेट्रोल-डीजल महंगा होने से बढ़ी परेशानी

गिग वर्कर्स यूनियन के मुताबिक 15 मई को पेट्रोल और डीजल की कीमतों में करीब 3 रुपये प्रति लीटर की बढ़ोतरी ने स्थिति और खराब कर दी है। संगठन का दावा है कि देशभर में लगभग 1.2 करोड़ गिग और प्लेटफॉर्म वर्कर्स इस बढ़ोतरी से प्रभावित हो रहे हैं। इनमें स्विगी, जोमैटो, ब्लिंकिट जैसी कंपनियों के डिलीवरी पार्टनर और कैब ड्राइवर शामिल हैं।

बढ़ते खर्च और कमाई में अंतर से नाराजगी

यूनियन की अध्यक्ष सीमा सिंह ने कहा कि लगातार बढ़ते ईंधन दाम, एलपीजी की कीमतें और अन्य खर्चों ने कामगारों पर भारी आर्थिक दबाव डाल दिया है। उनका कहना है कि ऐप आधारित कर्मचारी खराब मौसम और लंबी दूरी में लगातार काम करते हैं, लेकिन उन्हें उसके हिसाब से उचित भुगतान नहीं मिल रहा। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर जल्द सुधार नहीं हुआ तो कई वर्कर्स इस सेक्टर को छोड़ने पर मजबूर हो सकते हैं।

आज देशभर में दिख सकता है असर

यूनियन ने सभी गिग वर्कर्स से अपील की है कि वे आज दोपहर 12 बजे से शाम 5 बजे तक ऐप सेवाओं को बंद रखकर विरोध में शामिल हों। अगर यह आंदोलन व्यापक रूप लेता है तो देश के कई शहरों में फूड डिलीवरी और कैब सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं, जिससे आम लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ सकता है।

Location :  New Delhi

Published :  16 May 2026, 12:46 PM IST

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