Artemis II मिशन के तहत NASA ने चांद के अनदेखे हिस्से की ऐतिहासिक तस्वीर जारी की है। 53 साल बाद इंसानों की चांद की ओर वापसी के इस मिशन ने अंतरिक्ष विज्ञान में नई उम्मीदें जगाई हैं। हालांकि मिशन के दौरान तकनीकी चुनौतियां भी सामने आई हैं, लेकिन टीम सुरक्षित है और मिशन जारी है।

चांद का अनदेखा नजारा
New Delhi: चांद हमेशा से रहस्यों की दुनिया रहा है, लेकिन इस बार जो तस्वीर सामने आई है, उसने अंतरिक्ष विज्ञान की दुनिया में हलचल मचा दी है। करीब 53 साल बाद इंसान एक बार फिर चांद के इतने करीब पहुंचा है और वहां से जो तस्वीर ली गई है, उसने कई अनदेखे सच उजागर कर दिए हैं। NASA के Artemis II मिशन के तहत अंतरिक्ष यात्रियों ने चांद के उस हिस्से की तस्वीर कैद की है, जिसे आज तक इंसानी आंखों ने पूरी तरह नहीं देखा था।
NASA से जारी इस तस्वीर में चांद का एक बेहद खास हिस्सा नजर आ रहा है, जिसे Orientale Basin कहा जाता है। यह चांद के किनारे पर मौजूद एक विशाल क्षेत्र है, जो अब तक पूरी तरह इंसानी नजरों से दूर था। वैज्ञानिकों के लिए यह किसी खजाने से कम नहीं है, क्योंकि इससे चांद की बनावट और उसके इतिहास को समझने में बड़ी मदद मिल सकती है।
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यह मिशन इसलिए भी ऐतिहासिक है क्योंकि 1972 में हुए Apollo 17 के बाद पहली बार इंसान चांद की ओर गया है। इस मिशन में चार अंतरिक्ष यात्री Jeremy Hansen, Victor Glover, Reid Wiseman और Christina Koch शामिल हैं।
यह सभी अंतरिक्ष यात्री Orion spacecraft में सवार होकर यात्रा कर रहे हैं। इस मिशन का मुख्य उद्देश्य चांद के उस हिस्से की स्टडी करना है, जो पृथ्वी से दिखाई नहीं देता। यह यान पृथ्वी से करीब 4 लाख किलोमीटर दूर तक जाएगा और चांद के पास से घूमकर वापस लौटेगा। हालांकि यह चांद पर लैंड नहीं करेगा, लेकिन भविष्य के मिशनों के लिए बेहद अहम जानकारी जुटाएगा।
जहां मिशन की शुरुआत शानदार रही, वहीं बीच में एक छोटी लेकिन अहम समस्या भी सामने आई। ओरियन यान का टॉयलेट सिस्टम ठीक से काम नहीं कर रहा है। इंजीनियरों के मुताबिक, सिस्टम में बर्फ जम जाने की वजह से तरल कचरे को बाहर निकालने में दिक्कत हो रही है।