बिना माल की सप्लाई, कागजों में करोड़ों का खेल! मुजफ्फरनगर से फरीदाबाद तक ED का बड़ा एक्शन

फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) घोटाले के खिलाफ ईडी ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुजफ्फरनगर, गाजियाबाद और फरीदाबाद के 9 ठिकानों पर छापेमारी की है।

Post Published By: Suresh Prajapati
Updated : 24 August 2026, 1:14 PM IST

Lucknow: एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट (ED) ने सोमवार सुबह इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) के गलत दावे और उसके बाद उसे ट्रांसफर करने से जुड़े एक मामले में बड़ा ऑपरेशन शुरू किया। ED की टीमों ने प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA), 2002 के तहत उत्तर प्रदेश और हरियाणा के तीन शहरों में एक साथ छापेमारी शुरू की।

अधिकारियों के अनुसार, मुजफ्फरनगर, गाजियाबाद और फरीदाबाद में कुल नौ जगहों पर तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। ऑपरेशन के दौरान, ED की टीमें दस्तावेजों, वित्तीय रिकॉर्ड और अन्य महत्वपूर्ण सबूतों की जांच कर रही हैं।

जंबूद्वीप एक्सपोर्ट्स एंड इंपोर्ट्स लिमिटेड से जुड़ा मामला

ED के लखनऊ जोनल ऑफिस की टीम ने जंबूद्वीप एक्सपोर्ट्स एंड इंपोर्ट्स लिमिटेड से जुड़े एक मामले में यह कार्रवाई की। जांच एजेंसी के अनुसार, कंपनी पर बिना किसी वास्तविक सामान की सप्लाई के फर्जी इनवॉइस और ई-वे बिल बनाकर इनपुट टैक्स क्रेडिट का गलत इस्तेमाल करने का आरोप है।

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आरोप है कि जाली दस्तावेजों के आधार पर ITC बनाया गया और बाद में इसे दूसरी कंपनियों को ट्रांसफर कर दिया गया। ED अब इस पूरे नेटवर्क से जुड़े व्यक्तियों और कंपनियों की भूमिका की जांच कर रही है।

शेल कंपनियों के जरिए करोड़ों के ट्रांजेक्शन का खुलासा

जांच से पता चला है कि कई शेल और फर्जी कंपनियों के जरिए बड़े पैमाने पर ट्रांजेक्शन किए गए। अधिकारियों का कहना है कि इन कंपनियों के जरिए सर्कुलर ट्रेडिंग, फंड की लेयरिंग और कैश निकालने जैसी गतिविधियां सामने आई हैं।GST विभाग की पहले की जांच में लगभग 9.63 करोड़ रुपये के ITC के गलत दावे और लगभग 10.28 करोड़ रुपये के ITC को आगे ट्रांसफर करने का मामला पहले ही सामने आ चुका था।

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सरकारी खजाने को नुकसान पहुंचाने का आरोप

जांच एजेंसियों का कहना है कि फर्जी ITC दावों के कारण सरकारी खजाने को नुकसान हुआ। ED के अनुसार, इन अवैध तरीकों से हासिल किया गया फंड PMLA के तहत 'अपराध से प्राप्त आय' (proceeds of crime) की श्रेणी में आता है। फिलहाल, ED की टीमें शेल कंपनियों के नेटवर्क, ट्रांजेक्शन के फ्लो और फंड के असली स्रोत का पता लगाने के लिए काम कर रही हैं। तलाशी के दौरान मिले दस्तावेजों और सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी।

Location :  Lucknow

Published :  24 August 2026, 1:14 PM IST