Gold Price: सोना-चांदी में तेज गिरावट, जानें क्यों RBI MPC फैसले से पहले निवेशक सतर्क

6 फरवरी को MCX पर सोने और चांदी की कीमतों में तेज़ी से गिरावट आई। मज़बूत डॉलर, कमज़ोर ग्लोबल संकेतों और RBI MPC के फैसले से पहले प्रॉफिट-बुकिंग के कारण सोने की कीमतों में लगभग 2% और चांदी की कीमतों में 6% की गिरावट आई। निवेशकों की सावधानी बढ़ गई।

Post Published By: Sapna Srivastava
Updated : 6 February 2026, 10:04 AM IST

New Delhi: शुक्रवार, 6 फरवरी को कमोडिटी मार्केट में तेज़ी से उतार-चढ़ाव देखा गया। MCX पर सोने और चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट दर्ज की गई। कमज़ोर ग्लोबल संकेतों, मज़बूत डॉलर और घरेलू मांग में कमी के कारण निवेशकों ने प्रॉफ़िट बुकिंग की, जिससे कीमती धातुओं पर दबाव पड़ा।

MCX पर सोने की कीमतों में लगभग 2% की गिरावट

MCX पर अप्रैल डिलीवरी वाला सोना ₹1,49,396 प्रति 10 ग्राम पर आ गया, जो लगभग 2 प्रतिशत की गिरावट है। अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में भी सोने की कीमतें कम रहीं। अमेरिका में अप्रैल डिलीवरी वाले सोने के वायदा भाव में लगभग 2% की गिरावट आई और यह $4,806.50 प्रति ट्रॉय औंस पर आ गया। जानकारों के मुताबिक, डॉलर इंडेक्स में लगभग 0.20% की बढ़ोतरी से दूसरी करेंसी में सोना महंगा हो गया, जिससे निवेशकों की दिलचस्पी कम हुई।

चांदी में 6% की भारी गिरावट

चांदी की कीमतों में गिरावट और भी ज़्यादा थी। MCX पर मार्च एक्सपायरी वाली चांदी ₹2,29,187 प्रति किलोग्राम पर आ गई, जो लगभग 6% की गिरावट है। इस हफ़्ते चांदी में यह लगातार दूसरी बड़ी गिरावट है। ग्लोबल टेक शेयरों में बिकवाली और मज़बूत डॉलर का असर चांदी की कीमतों पर साफ़ तौर पर दिखा। COMEX पर भी चांदी की कीमतों में बड़ी कमज़ोरी दर्ज की गई।

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RBI MPC के फ़ैसले से पहले बढ़ी सावधानी

बाज़ार के जानकारों का कहना है कि प्रॉफ़िट बुकिंग के साथ-साथ निवेशक भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) के फ़ैसले को लेकर भी सतर्क हैं। ब्याज दरों के बारे में कोई भी संकेत सीधे सोने और चांदी की कीमतों पर असर डालता है। यही वजह है कि बड़े निवेशक फ़िलहाल नए निवेश करने से बच रहे हैं।

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निवेशकों को आगे क्या करना चाहिए?

एनालिस्ट्स के मुताबिक, मौजूदा हालात में निवेशकों को सावधानी बरतनी चाहिए। मज़बूत डॉलर और ग्लोबल बाज़ारों में उतार-चढ़ाव के कारण कीमतें ऊपर-नीचे होती रह सकती हैं। हालांकि, अगर भविष्य में US फ़ेडरल रिज़र्व की ओर से ब्याज दरों में कटौती के संकेत मिलते हैं, तो यह सोने के लिए पॉज़िटिव साबित हो सकता है।

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  • 6 February 2026, 10:04 AM IST