लखनऊ में मैचा चाय का देसी अंदाज सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। एक स्ट्रीट वेंडर हरे रंग की मैचा चाय को पीतल के बर्तन में उबालकर कुल्हड़ में परोसता दिखा। वीडियो ने लोगों को हैरान भी किया और हंसाया भी। कुछ यूजर्स ने स्वाद और विधि पर सवाल उठाए, तो कुछ ने इसे लखनऊ का नया फ्यूजन ट्रेंड बताया।

लखनऊ में बिक रही हरी चाय (Img: Google)
Lucknow: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ एक बार फिर अपने अनोखे फूड एक्सपेरिमेंट को लेकर सुर्खियों में है। इस बार वजह है हरे रंग की ‘मैचा चाय’, जिसे एक स्थानीय स्ट्रीट वेंडर ने बिल्कुल देसी अंदाज में तैयार कर सोशल मीडिया पर तहलका मचा दिया है। यह वीडियो इंस्टाग्राम पर तेजी से वायरल हो रहा है और लोग इसे देखकर हैरानी, हंसी और बहस, तीनों का अनुभव कर रहे हैं।
वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि स्ट्रीट वेंडर एक बड़े पीतल के बर्तन में ‘गरम मैचा चाय’ बना रहा है। आमतौर पर जैसे दूध वाली चाय को उबाला जाता है, उसी अंदाज में हरी चाय को भी उबालते हुए लंबे स्टील के चम्मच से चलाया जा रहा है। भाप उठती हुई चाय देखने में बिल्कुल रोडसाइड चाय की याद दिलाती है, बस फर्क इतना है कि रंग दूधिया नहीं, बल्कि गाढ़ा हरा है।
इस वीडियो की सबसे खास बात है परोसने का तरीका। मैचा चाय को किसी फैंसी मग या ग्लास में नहीं, बल्कि मिट्टी के कुल्हड़ में परोसा गया। कुल्हड़ भारतीय चाय संस्कृति की पहचान माने जाते हैं और इसी देसी टच ने इंटरनेट यूजर्स का ध्यान खींच लिया। वीडियो पर लिखा टेक्स्ट, “Matcha ke Chacha” और “Garmatcha, exclusively in Lucknow” इसे और भी मजेदार बना देता है।
Video: स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने मेला छोड़ा, काशी के लिए हुए रवाना; प्रशासन पर लगाए ये गंभीर आरोप
वीडियो वायरल होते ही कमेंट सेक्शन में प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई। कुछ यूजर्स ने मजाकिया अंदाज में लिखा कि “असली मैचा कोने में बैठकर रो रहा है”, तो कुछ ने इसके रंग की तुलना पुदीने की चटनी से कर दी। कई लोगों ने सवाल उठाया कि मैचा को उबालना सही तरीका नहीं है, जबकि कुछ यूजर्स ने लखनऊ के इस देसी फ्यूजन को खुले दिल से अपनाया।
मैचा जापान की पारंपरिक ग्रीन टी है, जो खास तरह से उगाए गए Camellia sinensis पौधे की पत्तियों से बनाई जाती है। इन पत्तियों को सुखाकर बेहद बारीक पाउडर बनाया जाता है। आम तौर पर मैचा को उबाला नहीं जाता, बल्कि गर्म पानी या दूध में फेंटकर पिया जाता है। इसका स्वाद हल्का मिट्टी जैसा और थोड़ा कड़वा होता है, जबकि इसके स्वास्थ्य लाभों की भी खूब चर्चा होती है।
लखनऊ का यह ‘गरम मैचा’ प्रयोग दिखाता है कि भारतीय स्ट्रीट फूड कल्चर किस तरह अंतरराष्ट्रीय चीजों को अपने अंदाज में ढाल रहा है। चाहे लोग इसे पसंद करें या न करें, लेकिन इतना तय है कि यह वीडियो लोगों को बात करने का एक नया मुद्दा जरूर दे गया है।