
उत्तराखंड में राहत बचाव कार्य जारी
Uttarakhand: उत्तराखंड में भारी बारिश और जगह-जगह बादल फटने के बाद हालात काबू से बाहर होते जा रही हैं। मानसूनी बारिश ने इस समय पहाड़ों पर तबाही मचा रखी है। बीते कुछ दिनों में ही उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर और पिथौरागढ़ सहित कई जिलों में बादल फटने की घटनाएं सामने आई हैं। बादल फटने के बाद आए मलबे के सैलाब में जान-माल का भारी नुकसान हुआ और कई गांव देखते ही देखते इस सैलाब में बह गए। मौसम विभाग की तरफ से भारी बारिश का अलर्ट मिलने के बाद सोमवार को नैनीताल में स्कूल भी बंद रखे गए हैं।
चंपावत में भारी बारिश के चलते कुछ सड़कों पर आवागमन प्रभावित हुआ है। इनमें चंपावत-टनकपुर राष्ट्रीय राजमार्ग स्वाला और टिफिन टॉप पर बंद है। टनकपुर-पूर्णागिरी मार्ग, धुनाघाट– भींगराड़ा मार्ग, रौसाल-मटियानी सड़क मार्ग, रौसाल-पासम सड़क मार्ग, रौसाल-डूंगरा बोरा सड़क मार्ग, लुपड़ा के पास किमतोली-पंचेश्वर धाम सड़क मार्ग, मछीयाड़ बैंड के पास सुखीढांग-रीठासाहिब सड़क मार्ग, बीनवाल के पास रीठासाहिब-हल्द्वानी सड़क मार्ग और बालिग–सागर सड़क मार्ग यातायात हेतु बंद है।
नैनीताल के भवाली इलाके में भारी बारिश की वजह से लगातार पत्थर गिर रहे हैं। छड़ा और नावली के बीच सड़क पर यातायात सुचारू करने के लिए जेसीबी मशीन के जरिए मार्ग खुलवाने की कोशिश की जा रही हैं। किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए पुलिस और बचाव टीम को अलर्ट मोड पर रखा गया है।
कई जिलों में मौसम विभाग की तरफ से अगले तीन घंटों के लिए रेड अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग ने चेतावनी जारी करते हुए बताया है कि दोपबर 12:22 बजे तक अल्मोड़ा, नैनीताल, पिथौरागढ़, चंपावत और ऊधमसिंह नगर में अलग-अलग जगहों पर भारी से भारी बारिश और बिजली चमकने की आशंका है। इन सभी जिलों के हल्द्वानी, धामपुर, रानीखेत, गंगोलीहाट, रामनगर, लालकुआं, काशीपुर, खटीमा और आसपास के इलाकों में तेज बारिश के साथ बिजली गिरने के आसार हैं।
Location : Uttarakhand
Published : 1 September 2025, 3:12 PM IST
Topics : Chardham Yatra Cloudbust Rain uttarakhand