
48 मीटर लंबा नया फोल्डिंग पुल
Rudraprayag: केदारनाथ यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए एक बड़ी और सुखद खबर सामने आई है। पिछले वर्ष भीमबली-रामबाड़ा क्षेत्र में आई आपदा के कारण बह गया अस्थायी पुल अब एक नए और मजबूत फोल्डिंग पुल से बदल दिया गया है।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार इस पुल के तैयार होने से अब श्रद्धालुओं को न तो लंबा फेर लेना पड़ेगा और न ही जाम की स्थिति का सामना करना होगा। रामबाड़ा क्षेत्र में 48 मीटर लंबा यह नया फोल्डिंग पुल अब पूरी तरह से तैयार हो चुका है और इस पर आवाजाही भी शुरू हो गई है।
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि यह पुल न केवल यात्रियों की सुविधा के लिए, बल्कि आपदा प्रबंधन और सुरक्षा के दृष्टिकोण से भी एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
भीषण आपदा में टूटा ब्रिज
पिछले वर्ष 31 जुलाई 2024 को रामबाड़ा में आई भीषण आपदा में अस्थायी बैली ब्रिज बह गया था। इसके कारण यात्रा मार्ग दो महीने तक बाधित रहा, जिससे श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा था। तत्काल राहत के तौर पर प्रशासन ने 18 मीटर लंबा फोल्डिंग पुल लगाया था, लेकिन नदी के कटाव और क्षेत्र की विषम भौगोलिक स्थितियों को देखते हुए यह समाधान पर्याप्त नहीं था।
पिछले साल मिली थी फोल्डिंग पुल की स्वीकृति
डिस्ट्रिक्ट डिजास्टर मैनेजमेंट अथॉरिटी (DDMA) के अधिशासी अभियंता विनय झिक्वान ने जानकारी दी कि आपदा प्रबंधन मद के अंतर्गत 48 मीटर स्पान वाले इस नए फोल्डिंग पुल की स्वीकृति पिछले वर्ष प्राप्त हुई थी। अब इसका निर्माण कार्य समयबद्ध तरीके से पूरा कर लिया गया है और इसे श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया गया है।
यात्रियों को मिली बड़ी राहत
इस पुल के बन जाने से रामबाड़ा-भीमबली क्षेत्र में यात्रियों को भारी राहत मिलेगी। यात्रा मार्ग पर पहले घोड़े-खच्चर, पालकी और पैदल यात्रियों को जाम की स्थिति का सामना करना पड़ता था। अब इस समस्या से निजात मिल सकेगी। साथ ही, आपातकालीन स्थितियों में भी इस पुल से राहत और बचाव कार्य तेज़ी से किया जा सकेगा।
स्थानीय प्रशासन ने बताई बड़ी उपलब्धि
स्थानीय प्रशासन और यात्रियों दोनों ने इस पुल के निर्माण को केदारनाथ यात्रा मार्ग की बड़ी उपलब्धि बताया है। इससे न केवल यात्रा सुगम और सुरक्षित हुई है, बल्कि यात्रा के दौरान होने वाले समय के नुकसान और जोखिम में भी काफी कमी आएगी।
पुल की मजबूती और डिजाइन को देखते हुए उम्मीद की जा रही है कि यह भविष्य में किसी भी आपदा या जलवायु चुनौती का डटकर सामना कर सकेगा। अब श्रद्धालु बिना किसी रुकावट के बाबा केदार के दर्शन के लिए सुगमता से यात्रा कर सकेंगे।
Location : Rudraprayag
Published : 15 July 2025, 10:56 AM IST
Topics : Disaster Recovery Folding Bridge Kedarnath yatra Pilgrim Relief Ram Bada Bridge Uttarakhand News