
कैंचीधाम में होने जा रहा है बड़ा बदलाव
हरिद्वार: उत्तराखंड सरकार कैंचीधाम को धार्मिक पर्यटन के एक ऐतिहासिक केंद्र के रूप में विकसित करने की दिशा में बड़ा कदम उठा रही है। मंगलवार को मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने सचिवालय में इस संबंध में उच्च स्तरीय बैठक कर अधिकारियों को व्यापक दिशा-निर्देश दिए। बैठक में नैनीताल के जिलाधिकारी, कुमाऊं आयुक्त, पुलिस अधिकारी समेत अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने वर्चुअली हिस्सा लिया।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के मुताबिक, मुख्य सचिव ने कैंचीधाम में बढ़ती श्रद्धालुओं की संख्या और वीकेंड में लगने वाले जाम को देखते हुए एक समग्र मास्टर प्लान तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि धाम की मुख्य सड़क का चौड़ीकरण व सुधारीकरण कार्य तत्काल शुरू किया जाए। इसके लिए आवश्यक बजट 'मिसिंगलिंक' मद से उपलब्ध कराया जाएगा।
स्थानीय निवासियों की सुविधा के लिए वैकल्पिक मार्गों को सुदृढ़ करने और नए पार्किंग स्थलों की पहचान कर उन्हें विकसित करने के निर्देश भी दिए गए। धाम तक श्रद्धालुओं की आसान आवाजाही के लिए एक सुव्यवस्थित शटल सेवा और मोबिलिटी प्लान लागू करने पर बल दिया गया।
तकनीक के इस्तेमाल पर जोर देते हुए सचिव ने सीसीटीवी निगरानी, डिस्प्ले बोर्ड्स और वन-वे ट्रैफिक सिस्टम जैसे उपायों की बात कही। जिलाधिकारी वंदना ने बताया कि दुनिखाल से रातीघाट मोटर मार्ग के लिए वनभूमि स्वीकृति का प्रस्ताव भारत सरकार को भेजा जा चुका है। इसके अलावा भवाली बाईपास और मोटर पुल निर्माण पर भी कार्य चल रहा है।
कुमाऊं आयुक्त दीपक रावत ने क्षेत्र में हो रहे अनियोजित विकास को रोकने के लिए कैंचीधाम को विकास प्राधिकरण क्षेत्र में लाने और पुराने ब्रिटिश मार्ग को सुधारने का सुझाव दिया। साथ ही, हल्द्वानी-नैनीताल प्रस्तावित रोपवे को भवाली-कैंची से जोड़ने की बात भी रखी गई।
इस बैठक में सचिव शैलेश बगोली, डॉ. पंकज कुमार पाण्डे, एसएसपी प्रहलाद सिंह मीणा समेत अन्य अधिकारी उपस्थित रहे। आने वाले समय में कैंचीधाम न केवल श्रद्धा का केंद्र बल्कि सुव्यवस्थित धार्मिक पर्यटन का आदर्श मॉडल बनने की ओर अग्रसर है। साथ ही आप अपने जिले की हर छोटी बड़ी खबरों से जुड़े रहने के लिए डाइनामाइट न्यूज़ चैनल को जरूर फॉलो करें।
Location : Haridwar
Published : 14 May 2025, 11:59 AM IST
Topics : Chief Secretary Anand Bardhan District Magistrate Vandana Haridwar News Kainchidham News Uttarakhand government