
निदा का फाइल फोटो (IMG: Dynamite News)
Meerut: मेरठ के लिसाड़ी गेट में हुए चर्चित निदा हत्याकांड में नया मोड़ आ गया। भाभी की हत्या की आरोपी ननद रिमशा जेल से बाहर आ गई। इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के बाद रिमशा की रिहाई हुई। जेल के बाहर उसे लेने के लिए मायके पक्ष के लोग पहले से मौजूद थे। इस मामले में हाईकोर्ट ने रिमशा की गिरफ्तारी और रिमांड की प्रक्रिया को अवैध करार देते हुए उसे तत्काल रिहा करने का आदेश दिया था।
लिसाड़ी गेट के अहमदनगर निवासी शाहवेज एम्पायर टेलर के नाम से कपड़े सिलाई की दुकान चलाते हैं। उनकी पत्नी निदा की 12 जुलाई को घर के अंदर ही चाकू मारकर हत्या कर दी गई थी। वारदात के बाद पुलिस ने शाहवेज की बहन रिमशा को हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया था। पुलिस ने इस हत्याकांड के पीछे रिश्तों में उलझी एक ऐसी कहानी बताई, जिसने पूरे मामले को सनसनीखेज बना दिया।
पुलिस ने बताया कि शाहवेज का परिचय करीमनगर निवासी कपड़ा कारोबारी उवैश से हुआ था। पुलिस ने दावा किया कि इसी दौरान उवैश और निदा के बीच अवैध संबंध बन गए। बाद में शाहवेज ने अपनी बहन रिमशा का निकाह उवैश से करा दिया। पुलिस के अनुसार, शादी के बाद रिमशा को अपने पति और भाभी के कथित संबंधों की जानकारी हुई और इसी विवाद के बाद हत्या की वारदात को अंजाम दिए जाने का खुलासा किया गया।
रिमशा के अधिवक्ता परवेज आलम ने हाईकोर्ट में उसकी गिरफ्तारी की प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए। उनका कहना था कि रिमशा को 12 जुलाई की शाम करीब चार बजे उसके घर से गिरफ्तार किया गया, जबकि उसे अदालत में 14 जुलाई को पेश किया गया। अधिवक्ता ने बताया कि सीजेएम कोर्ट ने थाने की सीसीटीवी फुटेज भी मांगी थी, लेकिन पुलिस की ओर से फुटेज उपलब्ध नहीं कराई गई। लिसाड़ी गेट थाने की जनरल डायरी के अंश में बताया गया कि थाने के सीसीटीवी कैमरे लाइव तो चल रहे थे, लेकिन उनकी रिकॉर्डिंग नहीं हो रही थी। कैमरों की मरम्मत के लिए 15, 21 और 30 जुलाई को तीन रिमाइंडर भेजे जाने का भी उल्लेख किया गया।
हाईकोर्ट ने पुलिस की इस दलील पर सवाल उठाते हुए कहा कि कैमरों में रिकॉर्डिंग डिवाइस नहीं होने का बहाना बनाकर सही तथ्य अदालत के सामने नहीं रखे गए। इसी मामले में रिमशा की ओर से हेबियस कॉर्पस याचिका दाखिल की गई थी। न्यायमूर्ति सिद्धार्थ और न्यायमूर्ति विनय कुमार द्विवेदी की पीठ ने सात अगस्त को सुनवाई के बाद रिमशा को रिहा करने का आदेश दिया। इसी आदेश के बाद बुधवार शाम उसे जेल से बाहर लाया गया। जेल से निकलते ही मायके पक्ष के लोग उसे अपने साथ ले गए। अब इस रिहाई के बाद निदा हत्याकांड की जांच और पुलिस की कार्रवाई पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं।
Location : Meerut
Published : 13 August 2026, 4:59 PM IST