Raebareli News: नशे में वाहन चलाने वालों पर चला प्रवर्तन विभाग का डंडा, जानिये पूरा अपडेट

रायबरेली में प्रवर्तन विभाग के द्वारा वाहन चालकों पर कार्रवाई की गई है। डाईनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार रायबरेली में शराब पीकर वाहन चलाने वालों के खिलाफ 30 जनवरी की रात को सघन चेकिंग अभियान चलाया गया।

Post Published By: Poonam Rajput
Updated : 31 January 2026, 12:53 PM IST

Raebareli: रायबरेली में प्रवर्तन विभाग के द्वारा वाहन चालकों पर कार्रवाई की गई है। डाईनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार रायबरेली में शराब पीकर वाहन चलाने वालों के खिलाफ 30 जनवरी की रात को सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। जिसमे जिलाधिकारी हर्षिता माथुर के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई, जिसमें 36 से अधिक वाहनों का चालान किया गया। यह कार्रवाई थाना मिल एरिया क्षेत्र के रतापुर चौराहे पर की गई है।

यह है पूरा मामला

एआरटीओ प्रवर्तन उमेश कटियार के नेतृत्व में यह अभियान मिल एरिया थाना क्षेत्र के रतापुर चौराहे पर चलाया गया। इस दौरान एक दर्जन से अधिक वाहन चालकों की ब्रेथ एनलाइजर से जांच की गई। जांच में शराब पीकर वाहन चलाते पाए गए दो चालकों का चालान किया गया। इन दोनों चालकों के ड्राइविंग लाइसेंस निलंबित करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।

रायबरेली में सड़क हादसा, अज्ञात वाहन की टक्कर से मजदूर की मौत, जांच शुरू

एआरटीओ प्रवर्तन उमेश कटियार ने बताया कि नशे की हालत में जो वहां लोग चला रहे हैं उनका चालान किया जा रहा है और लाइसेंस निलंबन की प्रक्रिया शुरू किया जा रहा है ब्रेथ एनलाइजर से यह जांच होती है। जब तक परसेंटेज नहीं निकलेगा हम चालान नहीं करते हैं। उन्होंने बताया कि इस कार्रवाही में पहले फाइन लगाया जाता है उसके बाद वाहन चालक का लाइसेंस 3 महीने के लिये सस्पेंड होता है। यदि इस अवधि के दौरान वह व्यक्ति दोबारा नशे की हालत में वाहन चलाता हुआ पाया जाता है तो उसका ड्राइविंग लाइसेंस निरस्त कर दिया जाता है।

Gold Price: सोना क्यों बन रहा निवेशकों की पहली पसंद? इकोनॉमिक सर्वे ने खोले राज

जिलाधिकारी के निर्देश पर पूरे जिले में सड़क सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं। यह चेकिंग अभियान इसी व्यापक पहल का हिस्सा है। शराब पीकर वाहन चलाना (Drift & Drive) मोटर वाहन अधिनियम 1988 की धारा 185 के तहत एक गंभीर आपराधिक अपराध है। पहली बार पकड़े जाने पर 10,000 तक का जुर्माना और/या 6 महीने तक की जेल हो सकती है। दूसरी बार अपराध करने पर ₹15,000 तक का जुर्माना और/या 2 साल तक की जेल का प्रावधान है। खून में 30 mg/100 ml से अधिक अल्कोहल की मात्रा पाए जाने पर यह कार्यवाही होती है। लाइसेंस निलंबित या निरस्त भी किया जा सकता है।

Location : 
  • Raebareli

Published : 
  • 31 January 2026, 12:53 PM IST