UP MLC Election 2026: पीएम मोदी के संसदीय क्षेत्र में सपा का परचम, वाराणसी शिक्षक सीट पर लाल बिहारी यादव की 4,898 वोटों से जीत

वाराणसी खंड शिक्षक एमएलसी सीट पर समाजवादी पार्टी के लाल बिहारी यादव ने लगातार दूसरी बार जीत दर्ज की। उन्होंने भाजपा प्रत्याशी डॉ. प्रमोद मिश्रा को 5,015 मतों से हराया। लाल बिहारी यादव को कुल 11,612 वोट मिले, जबकि डॉ. मिश्रा के खाते में 6,597 मत आए। जीत के बाद सपा कार्यकर्ताओं ने जश्न मनाया।

Post Published By: Poonam Rajput
Updated : 28 October 2026, 8:34 AM IST

Varanasi: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में विधान परिषद की शिक्षक निर्वाचन सीट पर समाजवादी पार्टी ने जीत दर्ज की है। सपा प्रत्याशी लाल बिहारी यादव ने भाजपा के डॉ. प्रमोद मिश्रा को 5,015 मतों से हराकर लगातार दूसरी बार इस सीट पर कब्जा जमाया। चुनाव परिणाम सामने आने के बाद सपा कार्यकर्ताओं में उत्साह देखने को मिला। कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी की, ढोल-नगाड़ों पर नृत्य किया और एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर जीत की बधाई दी। देर रात तक जश्न और बधाई देने का सिलसिला चलता रहा।

अंतिम परिणाम के अनुसार, लाल बिहारी यादव को कुल 11,612 मत मिले, जबकि भाजपा प्रत्याशी डॉ. प्रमोद मिश्रा को 6,597 वोट प्राप्त हुए। दोनों प्रत्याशियों के बीच मतों का अंतर 5,015 रहा। इस जीत के साथ लाल बिहारी यादव ने शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में अपना प्रतिनिधित्व बरकरार रखा।

दूसरी वरीयता के मतों से निकला परिणाम

मतगणना के दौरान प्रथम वरीयता के मतों में भी लाल बिहारी यादव ने बढ़त बनाई थी। उन्हें 10,958 वोट मिले, जबकि डॉ. प्रमोद मिश्रा को 6,060 मत प्राप्त हुए। हालांकि, जीत सुनिश्चित करने के लिए जरूरी कुल वैध मतों का 50 प्रतिशत यानी 11,472 वोट लाल बिहारी यादव को प्रथम वरीयता की गिनती में नहीं मिल सके। इस वजह से दूसरी वरीयता के मतों की गणना करानी पड़ी।

दूसरी वरीयता के मतों की गिनती आठ चक्रों में पूरी की गई। इसमें कम मत पाने वाले प्रत्याशियों के मतों के हस्तांतरण के बाद सपा प्रत्याशी के पक्ष में 654 वोट आए, जबकि भाजपा प्रत्याशी को 537 मत मिले। इसी प्रक्रिया के बाद अंतिम परिणाम स्पष्ट हुआ और लाल बिहारी यादव ने 5,015 मतों के अंतर से जीत दर्ज की। शिक्षक एमएलसी चुनाव में वरीयता आधारित मतगणना के कारण अंतिम नतीजे तक पहुंचने में अतिरिक्त समय लगा।

लखनऊ शिक्षक MLC चुनाव में भाजपा प्रत्याशी उमेश द्विवेदी ने दर्ज की जीत

भाजपा में शामिल होने के बाद भी डॉ. प्रमोद मिश्रा को नहीं मिला फायदा

डॉ. प्रमोद मिश्रा ने वर्ष 2020 में शिक्षक नेता के रूप में चुनाव लड़ा था और उन्हें 6,830 वोट मिले थे। इस बार चुनाव से पहले उन्होंने भाजपा का दामन थामा था। उम्मीद थी कि पार्टी के समर्थन से उनके मतों में बढ़ोतरी होगी, लेकिन प्रथम वरीयता की गिनती में उन्हें 6,060 वोट ही मिले। यह संख्या उनके पिछले चुनाव में मिले मतों से भी कम रही।

दूसरी ओर, समाजवादी पार्टी ने इस चुनाव को लेकर पहले से तैयारी की थी। लाल बिहारी यादव की जीत के बाद पार्टी कार्यकर्ताओं ने इसे अपने पक्ष में महत्वपूर्ण राजनीतिक उपलब्धि के रूप में देखा।

Location :  Varanasi

Published :  28 October 2026, 7:29 AM IST