
CHC झींझक में पौधरोपण कार्यक्रम (IMG: Dynamite News)
Kanpur Dehat: सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र परिसर में सोमवार को जब पौधरोपण अभियान शुरू हुआ तो स्वास्थ्य सेवाओं के साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी लोगों तक पहुंचा। सेवा समर्पण संकल्प अभियान के तहत वीरांगना अवंतीबाई सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) झींझक में पौधरोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचीं समाजसेविका लता तिवारी ने जामुन का पौधा लगाकर अभियान की शुरुआत की। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों के साथ वन विभाग की टीम ने भी पौधरोपण में हिस्सा लिया और लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल का संकल्प लिया।
सोमवार को आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करना और पौधरोपण को सामाजिक जिम्मेदारी से जोड़ना रहा। सीएचसी परिसर में आयोजित कार्यक्रम में स्वास्थ्यकर्मियों और वन विभाग के कर्मचारियों की मौजूदगी में पौधे लगाए गए। मुख्य अतिथि लता तिवारी ने जामुन का पौधा लगाकर लोगों से पर्यावरण संरक्षण के लिए आगे आने की अपील की। उन्होंने कहा कि पौधरोपण को सिर्फ एक दिन या किसी कार्यक्रम तक सीमित नहीं रखना चाहिए। पौधा लगाने के बाद उसकी देखभाल करना भी उतना ही जरूरी है।
लता तिवारी ने कहा कि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ और स्वस्थ वातावरण देना आज की सबसे बड़ी जिम्मेदारियों में से एक है। इसके लिए हर व्यक्ति को अपने स्तर पर प्रयास करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि अगर प्रत्येक व्यक्ति कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी जिम्मेदारी निभाए तो पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। उन्होंने लोगों से अपील की कि घर, स्कूल, अस्पताल और सार्वजनिक स्थानों के आसपास खाली जगहों पर पौधे लगाए जाएं। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि पौधों को समय पर पानी मिले और उन्हें पशुओं या अन्य कारणों से नुकसान न पहुंचे।
पौधरोपण कार्यक्रम में सीएचसी झींझक के स्वास्थ्य कर्मियों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। ड्यूटी पर मौजूद डॉ. राजीव कुमार और चीफ फार्मासिस्ट अभिषेक शुक्ला समेत अन्य स्वास्थ्य कर्मचारियों ने पौधरोपण किया। स्वास्थ्य केंद्र परिसर में पौधे लगाने के दौरान कर्मचारियों ने पर्यावरण संरक्षण को लेकर अपनी प्रतिबद्धता जताई। कार्यक्रम में यह संदेश भी दिया गया कि स्वस्थ जीवन के लिए बेहतर पर्यावरण का होना जरूरी है। स्वच्छ हवा, हरियाली और साफ वातावरण का सीधा संबंध लोगों के स्वास्थ्य से है।
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कार्यक्रम में वन विभाग झींझक की टीम ने भी अपनी भागीदारी निभाई। वन रक्षक रामनरेश त्रिपाठी, साधना, शबनम और वॉचर अरविंद कुमार कार्यक्रम में मौजूद रहे। वन विभाग की टीम ने पौधों की देखभाल और उनके संरक्षण के बारे में लोगों को जानकारी दी। कर्मचारियों ने बताया कि पौधरोपण के बाद उसकी नियमित निगरानी जरूरी होती है। शुरुआत के दिनों में पौधों को पर्याप्त पानी और सुरक्षा की जरूरत होती है। ऐसे में लगाए गए पौधों को सिर्फ फोटो या कार्यक्रम तक सीमित न रखते हुए उनके बड़े होने तक उनकी देखभाल की जानी चाहिए।
सीएचसी जैसे सार्वजनिक स्थान पर पौधरोपण का उद्देश्य परिसर को अधिक हराभरा और पर्यावरण के लिहाज से बेहतर बनाना भी रहा। अस्पताल और स्वास्थ्य केंद्रों में रोजाना बड़ी संख्या में मरीज और उनके तीमारदार पहुंचते हैं। ऐसे स्थानों पर हरियाली और स्वच्छ वातावरण लोगों के लिए भी सकारात्मक माहौल तैयार कर सकता है।
कार्यक्रम के अंत में मौजूद सभी लोगों ने लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल करने का संकल्प लिया। लोगों ने कहा कि पौधा लगाने के साथ उसकी जिम्मेदारी लेना ही वास्तविक पर्यावरण संरक्षण है।
Location : Kanpur Dehat
Published : 28 September 2026, 5:48 PM IST