
हाथरस एमजी पॉलिटेक्निक (सोर्स-इंटरनेट)
हाथरस: जिले के ऐतिहासिक MG Polytechnic संस्थान को इंजीनियरिंग कॉलेज में तब्दील करने की मांग जोर पकड़ती जा रही है। यह मांग पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष आशीष शर्मा ने महानिदेशक प्राविधिक शिक्षा अविनाश कृष्ण सिंह से मुलाकात कर ज्ञापन सौंपते हुए की। यह संस्थान पिछले कई दशकों से तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में अहम भूमिका निभा रहा है और अब इसे और ऊंचे स्तर पर ले जाने की जरूरत महसूस की जा रही है।
डाइनामाइट न्यूज़ संवाददाता के अनुसार, पूर्व अध्यक्ष आशीष शर्मा द्वारा सौंपे गए ज्ञापन में बताया गया कि MG Polytechnic का इतिहास बेहद गौरवशाली और प्रेरणादायी है। यह संस्थान न सिर्फ शिक्षा के क्षेत्र में बल्कि समाज सेवा और औद्योगिक विकास में भी अहम योगदान दे रहा है। शर्मा ने मांग की कि इसे इंजीनियरिंग कॉलेज का दर्जा दिया जाए, ताकि यहां के छात्रों को और भी बेहतर तकनीकी शिक्षा और अवसर मिल सकें।सर मिल सकें।
सेठ मुरलीधर की स्मृति में बना ऐतिहासिक संस्थान
इस संस्थान की नींव एक महान उद्देश्य से रखी गई थी। Hathras के प्रख्यात उद्योगपति सेठ मुरलीधर की स्मृति में उनके पुत्र सेठ गजानंद चौधरी ने एक भव्य भवन का निर्माण कराया। मूल योजना इसे विज्ञान विषयों का डिग्री कॉलेज बनाने की थी, लेकिन प्रशासनिक बाधाओं के कारण यह संभव नहीं हो सका। हालांकि यह सपना पूरी तरह अधूरा नहीं रहा।
जुलाई 1955 में मुरलीधर गजानंद एजुकेशन ट्रस्ट द्वारा यह भवन और इसके उपकरण उत्तर प्रदेश सरकार को दान कर दिए गए। इसके बाद तत्कालीन मुख्यमंत्री डॉ. संपूर्णानंद ने 24 सितंबर 1955 को इस संस्थान का औपचारिक उद्घाटन किया और इसे तकनीकी संस्थान के रूप में मान्यता दी गई।
आधुनिक पाठ्यक्रमों की जरूरत
ज्ञापन में इस बात पर जोर दिया गया है कि संस्थान को वर्तमान तकनीकी आवश्यकताओं के अनुसार आधुनिक पाठ्यक्रमों से सुसज्जित किया जाना चाहिए। इसमें विशेष रूप से कंप्यूटर साइंस और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे उभरते क्षेत्रों में डिप्लोमा पाठ्यक्रम शुरू करने की मांग की गई है। इससे न केवल छात्रों को बेहतर रोजगार के अवसर मिलेंगे, बल्कि क्षेत्र में तकनीकी विकास में भी तेजी आएगी।
अधोसंरचना सुधार की भी मांग
ज्ञापन में Engineering College का दर्जा देने के अलावा संस्थान के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की आवश्यकता पर भी जोर दिया गया है। इसमें छात्रावास का पुनर्निर्माण, खेल के मैदान को मिनी स्टेडियम के रूप में विकसित करना, प्रयोगशालाओं और कार्यशालाओं का आधुनिकीकरण जैसे मुद्दे शामिल हैं। ये सभी कदम छात्रों को बेहतर और प्रेरणादायी शैक्षणिक माहौल प्रदान करने में सहायक होंगे।
तकनीकी शिक्षा के भविष्य को लेकर आशाएं
तकनीकी शिक्षा महानिदेशक अविनाश कृष्ण सिंह आज एक कार्यक्रम के सिलसिले में Hathras में थे। इस अवसर का लाभ उठाते हुए आशीष शर्मा ने उन्हें यह ज्ञापन सौंपा। स्थानीय लोगों को उम्मीद है कि राज्य सरकार और तकनीकी शिक्षा विभाग इस मांग पर गंभीरता से विचार करेगा और एमजी पॉलिटेक्निक को एक नई पहचान देगा।
Location : Hathras
Published : 11 May 2025, 3:49 PM IST