बेटियों को ना समझें बोझ, सरकार दे रही 1-1 लाख की मदद! बलिया में सामूहिक विवाह में DM का बड़ा संदेश

बलिया के सिकंदरपुर में 76 जोड़ों ने नए जीवन की शुरुआत की। समारोह में डीएम ने वधुओं को मिलने वाली 64 हजार रुपये की सहायता, रोजगार के अवसरों और पौधारोपण को लेकर क्या संदेश दिया?

Post Published By: Pratibha Yadav
Updated : 24 October 2026, 6:00 PM IST
google-preferred

Ballia: उत्तर प्रदेश के बलिया जिले के सिकंदरपुर में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत 76 जोड़े विवाह बंधन में बंधे। गांधी इंटर कॉलेज में आयोजित समारोह में जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह ने नवदंपतियों को सुखी वैवाहिक जीवन की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने बेटियों को बोझ नहीं, बल्कि अवसर देने की अपील की। साथ ही नवविवाहित जोड़ों को पौधे लगाने और उनकी देखभाल करने का संदेश भी दिया।

मंत्रोच्चार के बीच हुआ सामूहिक विवाह समारोह का शुभारंभ

सिकंदरपुर स्थित गांधी इंटर कॉलेज में शनिवार को मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह ने मंत्रोच्चार के बीच किया। इस दौरान उन्होंने विवाह बंधन में बंधने वाले 76 वर-वधुओं का पुष्प अर्पित कर स्वागत किया और उनके सुखमय जीवन की कामना की। डीएम ने कहा कि यह दिन सभी नवदंपतियों के जीवन में एक नई शुरुआत का प्रतीक है। उन्होंने जोड़ों से आपसी प्रेम, विश्वास और सहयोग के साथ वैवाहिक जीवन बिताने की अपील की। साथ ही कहा कि खुशहाल परिवार के निर्माण के साथ समाज और प्रदेश की प्रगति में भी योगदान देना चाहिए।

वधू के खाते में डीबीटी से भेजे जाएंगे 64 हजार रुपये

मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत मिलने वाली आर्थिक सहायता की जानकारी देते हुए जिलाधिकारी ने बताया कि वधू के खाते में 64 हजार रुपये की धनराशि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (डीबीटी) के माध्यम से भेजी जाएगी। उन्होंने वधुओं को सलाह दी कि वे इस धनराशि का इस्तेमाल सोच-समझकर करें और संभव हो तो रोजगार या व्यवसाय शुरू करने में निवेश करें, ताकि आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बन सकें। डीएम के अनुसार, योजना में करीब 21 हजार रुपये की सामग्री उपलब्ध कराने और 15 हजार रुपये टेंट, भोजन सहित अन्य व्यवस्थाओं पर खर्च करने का प्रावधान है। इस तरह सरकार की ओर से प्रति विवाह कुल एक लाख रुपये की व्यवस्था की गई है।

बलिया में 76 जोड़ों ने थामा एक-दूजे का हाथ, दुल्हन के खाते में आएंगे 64 हजार रुपये

नवदंपतियों को मिलेंगी 27 प्रकार की घरेलू सामग्री

समारोह में नवविवाहित जोड़ों को गृहस्थी की शुरुआत के लिए 27 प्रकार की आवश्यक सामग्री उपलब्ध कराने की जानकारी दी गई। इसमें वधू के लिए साड़ी, ब्लाउज और अन्य वस्त्र, वर के लिए कपड़े, स्टील का डिनर सेट, प्रेशर कुकर, कड़ाही, ट्रॉली बैग और वैनिटी किट शामिल हैं। इसके अलावा दीवार घड़ी, सीलिंग फैन, आयरन प्रेस, डबल बेड की चादर, कंबल, गद्दे, तकिए, चूड़ी-कंगन, वर-वधू की कलाई घड़ियां, तौलिया, पर्दे, एलईडी बल्ब, बाल्टी और मग जैसी उपयोगी वस्तुएं भी दी जाएंगी। जिलाधिकारी ने बताया कि शेष सामग्री निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार उपलब्ध कराई जाएगी।

बेटियों को बोझ नहीं

जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह ने लोगों से बेटियों को बोझ न समझने और उन्हें आगे बढ़ने के पर्याप्त अवसर देने की अपील की। उन्होंने कहा कि सरकार आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की मदद के लिए कई जनकल्याणकारी योजनाएं चला रही है। पात्र परिवारों को इन योजनाओं का लाभ लेकर अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत करनी चाहिए। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना, मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना और आयुष्मान भारत योजना सहित विभिन्न सरकारी योजनाओं का उल्लेख किया। डीएम ने कहा कि इन योजनाओं का उद्देश्य जरूरतमंद लोगों को सहायता उपलब्ध कराना और उनके जीवन को बेहतर बनाना है।

युवाओं और महिलाओं को रोजगार से जोड़ने पर जोर

डीएम ने रोजगार की तलाश कर रहे युवाओं से जिला सेवायोजन पोर्टल और संबंधित रोजगार पोर्टल पर पंजीकरण कराने की अपील की। उन्होंने बताया कि निजी क्षेत्र में नौकरी के अवसर उपलब्ध कराने के लिए जिले में नियमित रूप से रोजगार मेलों का आयोजन भी किया जाता है। उन्होंने महिलाओं से स्वयं सहायता समूहों से जुड़कर स्वरोजगार के अवसर अपनाने और आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने का आह्वान किया। जिलाधिकारी ने कहा कि वर्ष 2047 तक उत्तर प्रदेश को विकसित प्रदेश बनाने के लक्ष्य को पूरा करने के लिए जरूरी है कि समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचे। उन्होंने अधिकारियों को भी जनसमस्याओं का समाधान करने और पात्र लोगों को योजनाओं से जोड़ने की जिम्मेदारी याद दिलाई।

घरों में कैद मासूम, रातों की उड़ी नींद: बलिया की बस्ती में 12 फीट लंबे अजगर का खौफ, बच्चों और मवेशियों पर मंडराया खतरा

शादी की यादगार बनेगा पौधा

समारोह में पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया गया। जिलाधिकारी ने बताया कि वन विभाग की ओर से नवविवाहित जोड़ों को पौधा देने की पहल की गई है। उन्होंने सभी जोड़ों से पौधे को अपने नए जीवन की यादगार के रूप में लगाने और उसकी नियमित देखभाल करने की अपील की। डीएम ने कहा कि भविष्य में पर्यावरण से जुड़ी चुनौतियों का सामना करने के लिए अधिक से अधिक पेड़ लगाना जरूरी है। उन्होंने नवदंपतियों को दोबारा बधाई देते हुए उनके सुखी और समृद्ध वैवाहिक जीवन की कामना की। साथ ही समारोह में शामिल लोगों से भोजन करने और अपना सामान लेकर ही जाने की अपील की।

कई अधिकारी समारोह में रहे मौजूद

सिकंदरपुर में आयोजित मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह समारोह में मुख्य विकास अधिकारी आलोक कुमार, जिला विकास अधिकारी आनंद प्रकाश, वरिष्ठ कोषाधिकारी आनंद दुबे, जिला प्रोबेशन अधिकारी अमरेंद्र कुमार सिंह और जिला समाज कल्याण विभाग के रमेश कुमार सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। कार्यक्रम के माध्यम से 76 जोड़ों को वैवाहिक जीवन की नई शुरुआत के लिए शुभकामनाएं दी गईं। साथ ही सरकारी योजनाओं का लाभ उठाने, बेटियों को आगे बढ़ाने, रोजगार अपनाने और पर्यावरण संरक्षण में योगदान देने का संदेश दिया गया।

Location :  Ballia

Published :  24 October 2026, 6:00 PM IST

Related News

Advertisement