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दलित युवक ने लगाई न्याय की गुहार (IMG: Dynamite News)
Hamirpur: उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले में एक दलित युवक पर चाकू से जानलेवा हमला किए जाने का आरोप सामने आया है। पीड़ित का कहना है कि उसे मिलने के बहाने बुलाया गया और फिर उसके साथ गाली-गलौज करते हुए कथित तौर पर जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया गया। आरोप है कि विरोध करने पर हमलावरों ने धारदार चाकू से उसके हाथ पर दो बार और सिर पर एक बार वार किया। घटना के बाद पीड़ित ने जान से मारने की धमकी मिलने की भी शिकायत की है। मामले में न्याय की गुहार लगाते हुए युवक ने पुलिस अधीक्षक को शिकायती प्रार्थना पत्र देकर निष्पक्ष जांच और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
मामला हमीरपुर जिले के कुरारा थाना क्षेत्र का बताया जा रहा है। शिकायतकर्ता सूरज पुत्र ओमप्रकाश के मुताबिक, 15 अक्टूबर को उसे मनकी रोड पर मिलने के बहाने बुलाया गया था। पीड़ित का आरोप है कि वहां पहुंचने के बाद उसके साथ गाली-गलौज शुरू कर दी गई। इस दौरान कथित तौर पर जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल भी किया गया। सूरज के अनुसार, विवाद बढ़ने पर उस पर धारदार चाकू से हमला किया गया। आरोप है कि हमलावरों ने उसके हाथ पर दो बार और सिर पर एक बार वार किया। इस हमले में वह घायल हो गया। पीड़ित ने अपनी शिकायत में घटना की परिस्थितियों और अपने साथ हुई कथित मारपीट का जिक्र करते हुए कार्रवाई की मांग की है।
पीड़ित ने आरोप लगाया है कि उसके ऊपर धारदार हथियार से हमला किया गया, जिसमें उसके हाथ और सिर को निशाना बनाया गया। शिकायत के मुताबिक, हाथ पर दो बार और सिर पर एक बार चाकू से वार किया गया। इस तरह के हमले को लेकर युवक ने अपनी सुरक्षा को लेकर भी चिंता जताई है। सूरज का कहना है कि घटना के दौरान उसके साथ केवल मारपीट ही नहीं की गई, बल्कि कथित तौर पर जातिसूचक गालियां भी दी गईं। यदि जांच में जाति के आधार पर अपमानित करने और धारदार हथियार से हमला करने के आरोप सही पाए जाते हैं, तो मामले में संबंधित कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई का सवाल उठेगा।
सूरज ने अपनी शिकायत में जान से मारने की धमकी दिए जाने का आरोप भी लगाया है। पीड़ित के मुताबिक, घटना के बाद उसे अपनी सुरक्षा को लेकर चिंता है। इसी वजह से उसने अधिकारियों से मामले को गंभीरता से लेने और उचित कार्रवाई करने की मांग की है।किसी भी आपराधिक घटना में पीड़ित की सुरक्षा और शिकायत की निष्पक्ष जांच अहम होती है। खासकर जब शिकायत में जातिसूचक टिप्पणी और जानलेवा हमले जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हों, तो घटना से जुड़े सभी तथ्यों की जांच जरूरी हो जाती है। इसमें प्रत्यक्षदर्शियों के बयान, उपलब्ध साक्ष्य और चोटों से संबंधित मेडिकल रिकॉर्ड महत्वपूर्ण हो सकते हैं।
पीड़ित ने पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र देकर न्याय की मांग की है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि मामले में पुलिस पर दबाव बनाने की कोशिश की जा रही है। उसने अधिकारियों से पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने और किसी भी दबाव से प्रभावित हुए बिना कार्रवाई सुनिश्चित करने की अपील की है। सूरज ने आरोपियों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई करने के साथ-साथ अपनी सुरक्षा उपलब्ध कराने की भी मांग की है। उसका कहना है कि शिकायत पर उचित कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि मामले में उसे न्याय मिल सके।
हमीरपुर के कुरारा थाना क्षेत्र में सामने आए इस मामले में अब शिकायत पर होने वाली कार्रवाई महत्वपूर्ण है। पीड़ित ने चाकू से हमला करने, जातिसूचक गालियां देने और जान से मारने की धमकी देने के आरोप लगाते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। साथ ही, उसने अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने की अपील भी की है। फिलहाल, उपलब्ध जानकारी शिकायतकर्ता के आरोपों पर आधारित है। आरोपों की पुष्टि, घटना में शामिल लोगों की पहचान और संभावित कानूनी कार्रवाई के बारे में पुलिस की आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आने के बाद ही तस्वीर साफ होगी।
Location : Hamirpur
Published : 16 October 2026, 1:51 PM IST