
सुप्रीमो मायावती (Source: Pinterest)
Lucknow: बहुजन समाज पार्टी (BSP) में एक बार फिर बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है। पार्टी सुप्रीमो मायावती ने अपने छोटे भतीजे ईशान आनंद को सक्रिय राजनीति में उतारने का फैसला किया है। रविवार को लखनऊ स्थित पार्टी प्रदेश कार्यालय में हुई मैराथन बैठक के बाद ईशान आनंद को पार्टी में मुख्य सेक्टर प्रभारी बनाए जाने की चर्चा है। इसके साथ ही उन्हें कुछ राज्यों की जिम्मेदारी सौंपे जाने की अटकलें भी तेज हो गई हैं।
हालांकि, ईशान आनंद को लेकर पार्टी की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्या मायावती अब पार्टी में अपने परिवार की नई पीढ़ी को बड़ी भूमिका देने की तैयारी कर रही हैं?
सूत्रों के मुताबिक, पार्टी में अहम जिम्मेदारी मिलने के बाद ईशान आनंद सीधे मायावती और अपने पिता आनंद कुमार को रिपोर्ट करेंगे। आनंद कुमार बसपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष हैं। माना जा रहा है कि संगठन में ईशान की भूमिका बढ़ाने का फैसला पार्टी की आगामी रणनीति को ध्यान में रखते हुए किया गया है।
ईशान आनंद की राजनीतिक सक्रियता पिछले कुछ समय से लगातार दिखाई दे रही है। वह हाल ही में बसपा के राष्ट्रीय पदाधिकारियों की बैठक में भी शामिल हुए थे। इससे पहले मायावती के जन्मदिन के मौके पर भी उनकी मौजूदगी चर्चा में रही थी।
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ईशान आनंद को जिम्मेदारी दिए जाने की चर्चा ऐसे समय में हो रही है, जब मायावती के भतीजे आकाश आनंद को राष्ट्रीय संयोजक के पद से हटाया जा चुका है। आकाश के बाद अब ईशान की सक्रियता को पार्टी के भीतर एक महत्वपूर्ण बदलाव के तौर पर देखा जा रहा है।
हालांकि, अभी यह स्पष्ट नहीं है कि ईशान को कौन-कौन से राज्यों की जिम्मेदारी दी जाएगी। पार्टी की ओर से औपचारिक घोषणा के बाद ही तस्वीर पूरी तरह साफ होगी।
रविवार की बैठक में संगठन के दूसरे नेताओं को लेकर भी महत्वपूर्ण फैसले लिए जाने की चर्चा है। सूत्रों के मुताबिक, नेशनल कोआर्डिनेटर रामजी गौतम और लालाराम का कद भी बढ़ाया जा सकता है।
बताया जा रहा है कि दोनों नेताओं को कुछ अन्य राज्यों का प्रभार सौंपे जाने की तैयारी है। अगर ऐसा होता है तो बसपा के संगठनात्मक ढांचे में बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं।
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उत्तर प्रदेश में 2027 विधानसभा चुनाव को देखते हुए बसपा के लिए संगठन को मजबूत करना बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। ऐसे में ईशान आनंद को सक्रिय राजनीति में बड़ी जिम्मेदारी दिए जाने की चर्चा को मायावती की नई रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है।
फिलहाल पार्टी की आधिकारिक घोषणा का इंतजार है। लेकिन अगर ईशान आनंद को राज्यों की जिम्मेदारी मिलती है, तो यह बसपा की राजनीति में एक नए अध्याय की शुरुआत हो सकती है।
Location : Lucknow
Published : 7 September 2026, 11:39 AM IST