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एक्सपर्ट्स का मानना है कि सोने की कीमतों में गिरावट का मुख्य कारण प्रॉफिट-बुकिंग और कमजोर फिजिकल डिमांड है। इसका मतलब है कि तेजी के बाद इन्वेस्टर्स ने प्रॉफिट बुक किया और मार्केट में खरीदारी धीमी हो गई। फिलहाल, सोने और चांदी की कीमतें ग्लोबल संकेतों और फेड के फैसलों पर निर्भर करती हैं। इसलिए, इन्वेस्टर्स को मार्केट की दिशा साफ होने का इंतजार करना चाहिए। ये कीमतें अनुमान हैं और असल मार्केट कीमतों से अलग हो सकती हैं। ध्यान दें कि ये सिर्फ़ अनुमान हैं, जो सही हो भी सकते हैं और नहीं भी। यह जानकारी 4 अप्रैल, 2026 को अपडेट की गई है, इसलिए कीमतें थोड़ी अलग हो सकती हैं।
Published : 4 April 2026, 9:05 AM IST