पश्चिम चंपारण में नवरात्रि के पहले दिन मातम में बदली खुशियां, आखिर कैसे गई 2 मासूमों की जान?

बगहा में नवरात्रि के पहले दिन कलश यात्रा के दौरान बड़ा हादसा हो गया। दोन कैनाल के पास 11 हजार वोल्ट के हाईटेंशन तार की चपेट में आने से दो मासूम बच्चों की मौत हो गई, जबकि एक दर्जन से अधिक लोग झुलस गए। घायलों का अस्पताल में इलाज जारी है। ग्रामीणों ने बिजली विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया है।

Post Published By: Nitin Parashar
Updated : 11 October 2026, 6:57 PM IST

West Champaran : जिले के बगहा में नवरात्रि के पहले ही दिन एक दर्दनाक हादसे ने खुशियों को मातम में बदल दिया। रामनगर थाना क्षेत्र के खटौरी गांव के समीप दोन कैनाल में जलभरी करने पहुंचे श्रद्धालु 11 हजार वोल्ट के हाईटेंशन बिजली तार की चपेट में आ गए। इस हादसे में दो मासूम बच्चों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक दर्जन से अधिक बच्चे और अन्य लोग झुलस गए। घटना के बाद इलाके में चीख-पुकार मच गई। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। वहीं, ग्रामीणों ने बिजली विभाग पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है।

कलश यात्रा के दौरान हुआ हादसा

जानकारी के अनुसार, नवरात्रि के पहले दिन भैरोगंज थाना क्षेत्र के सासाराव गांव के ग्रामीण मंदिर में कलश स्थापना के लिए कलश यात्रा निकालकर जलभरी करने दोन कैनाल पहुंचे थे। इसी दौरान ट्रैक्टर-ट्रॉली पर सवार श्रद्धालु हादसे का शिकार हो गए।

बताया जा रहा है कि ट्रॉली पर खड़ा एक बच्चा हाथ में झंडा लिए हुए था। इसी दौरान झंडे में लगा पाइप ऊपर से गुजर रहे 11 हजार वोल्ट के बिजली तार के संपर्क में आ गया। देखते ही देखते ट्रॉली पर सवार अन्य बच्चे भी करंट की चपेट में आ गए। अचानक हुए इस हादसे से मौके पर अफरा-तफरी मच गई।

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दो परिवारों के बुझ गए चिराग

इस हादसे में जान गंवाने वाले बच्चों की पहचान यशवंत मुखिया के 10 वर्षीय बेटे सर्वेश कुमार और प्रभु पंडित के 11 वर्षीय बेटे नीरज कुमार के रूप में हुई है। दोनों बच्चों की मौत से उनके परिवारों में कोहराम मचा हुआ है।

वहीं, करंट की चपेट में आने वालों में आदित्य कुमार, अनूप कुमार, प्रिंस कुमार, मुरलीधर चौधरी, सूरज कुमार, सन्नी कुमार, प्रियेश कुमार, अमर कुमार, चंदन कुमार, छोटू कुमार और प्रेम कुमार समेत अन्य लोग शामिल हैं। घायलों को तत्काल रामनगर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC) में भर्ती कराया गया। जहां चिकित्सकों की देखरेख में उनका इलाज जारी है।

अस्पताल में मौजूद चिकित्सक डॉ. शाहिद ने बताया कि मुरलीधर चौधरी की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें बेहतर इलाज के लिए जीएमसीएच, बेतिया रेफर किया गया है।

ग्रामीणों का आरोप

हादसे के बाद ग्रामीणों ने बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े किए हैं। उनका आरोप है कि यह रास्ता दो गांवों को जोड़ता है और यहां 11 हजार वोल्ट का बिजली तार काफी नीचे लटक रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि तार की ऊंचाई और सुरक्षा व्यवस्था पर समय रहते ध्यान दिया गया होता, तो शायद इतना बड़ा हादसा टाला जा सकता था।

अस्पताल पहुंचे विधायक

घटना की सूचना मिलते ही बगहा विधायक राम सिंह अस्पताल पहुंचे और घायलों की स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि नवरात्रि के पहले दिन ग्रामीण माता रानी की कलश यात्रा में शामिल होने निकले थे। हादसे में दो बच्चों की मौत हुई है, जबकि कई अन्य लोग झुलस गए हैं।

विधायक ने घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना की। उन्होंने भरोसा दिलाया कि यदि जांच में बिजली विभाग की लापरवाही सामने आती है, तो जिम्मेदार अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

एसडीपीओ ने की घटना की पुष्टि

रामनगर के एसडीपीओ सत्येंद्र राम ने बताया कि बिजली की चपेट में आने से एक दर्जन से अधिक लोग घायल हुए हैं, जबकि दो बच्चों की मौत हुई है। वहीं, विद्युत विभाग के कार्यपालक अभियंता आलोक अमृतांशु ने बताया कि जलभरी के लिए ट्रैक्टर-ट्रॉली पर बच्चे समेत अन्य लोग गए थे। उनके अनुसार, मौके पर विभागीय टीम भी तैनात थी और लोग धीरे-धीरे ट्रैक्टर-ट्रॉली लेकर निकल रहे थे। इसी दौरान ट्रॉली पर बैठे एक बच्चे के हाथ में मौजूद झंडे का पाइप बिजली के तार के संपर्क में आ गया, जिससे हादसा हुआ।।

Location :  West Champaran

Published :  11 October 2026, 6:49 PM IST