Shravani Mela 2026: चप्पे-चप्पे पर नजर, हर पल निगरानी: जानिए इस बार क्यों खास होने जा रहा है यह मेला

बाबा बैद्यनाथ धाम में राजकीय श्रावणी मेला-2026 के लिए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए पहली बार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, जीपीएस मॉनिटरिंग और स्मार्ट क्राउड मैनेजमेंट जैसी आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल किया जा रहा है। देवघर एसपी प्रवीण पुष्कर ने खुद जमीनी हकीकत का जायजा लिया। व्यवस्था संभालने के लिए 430 मजिस्ट्रेट तैनात रहेंगे।

Post Published By: Priyam Kashyap
Updated : 10 July 2026, 12:00 PM IST

Deoghar: विश्व प्रसिद्ध बाबा बैद्यनाथ धाम में लगने वाले राजकीय श्रावणी मेला-2026 को लेकर प्रशासन ने तैयारियों की रफ्तार तेज कर दी है। इस बार श्रद्धालुओं की सुरक्षा और भीड़ प्रबंधन को लेकर पारंपरिक व्यवस्था से आगे बढ़ते हुए आधुनिक तकनीक का सहारा लिया जा रहा है।

एक ओर जहां पहली बार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), जीपीएस आधारित मॉनिटरिंग, पब्लिक एड्रेस सिस्टम और स्मार्ट क्राउड मैनेजमेंट को व्यवस्था का हिस्सा बनाया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर देवघर के पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर स्वयं कांवरिया पथ और मेला क्षेत्र में उतरकर तैयारियों की जमीनी हकीकत का जायजा लेते नजर आए।

श्रद्धालुओं की आस्था और सुरक्षा के बीच संतुलन बनाने की चुनौती को देखते हुए प्रशासन किसी भी स्तर पर चूक नहीं चाहता। यही वजह है कि इस बार हर व्यवस्था को तकनीक और सतत निगरानी से जोड़ने की तैयारी की गई है।

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मैदान में उतरे एसपी, हर व्यवस्था को परखा

श्रावणी मेले से पहले पुलिस अधीक्षक ने कांवरिया पथ, शिवराम झा चौक, दुम्मा क्षेत्र, मेला परिसर और पुलिस आवासन स्थलों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने सुरक्षा, यातायात, बैरिकेडिंग, पुलिस बल की तैनाती, आवासन, पेयजल, साफ-सफाई तथा ड्यूटी व्यवस्था का विस्तार से जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गए कि श्रद्धालुओं की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। किसी भी प्रकार की लापरवाही या समन्वय की कमी स्वीकार नहीं की जाएगी। संवेदनशील स्थलों पर विशेष निगरानी रखने और हर परिस्थिति से निपटने के लिए पुलिस बल को पूरी तरह तैयार रहने का निर्देश दिया गया।

अब तकनीक करेगी भीड़ पर नजर

इस बार मेले की सबसे बड़ी खासियत आधुनिक तकनीक का व्यापक उपयोग होगा। प्रशासन पहली बार AI आधारित निगरानी प्रणाली का इस्तेमाल करेगा, जिससे असामान्य गतिविधियों और भीड़ के दबाव का समय रहते आकलन किया जा सकेगा। इसके अलावा -

  • जीपीएस आधारित मॉनिटरिंग से अधिकारियों की लोकेशन और गश्ती व्यवस्था पर नजर रखी जाएगी।
  • पब्लिक एड्रेस सिस्टम के जरिए श्रद्धालुओं तक आवश्यक सूचनाएं तत्काल पहुंचाई जाएंगी।
  • भीड़ नियंत्रण के लिए स्मार्ट क्राउड मैनेजमेंट सिस्टम का उपयोग होगा।
  • ट्रैफिक संचालन को बेहतर बनाने के लिए आधुनिक सॉफ्टवेयर की मदद ली जाएगी।

प्रशासन का मानना है कि तकनीक के प्रयोग से आपात स्थिति में निर्णय लेने की गति और प्रभावशीलता दोनों बढ़ेंगी।

430 मजिस्ट्रेट संभालेंगे व्यवस्था की कमान

श्रावणी मेला अवधि के दौरान विभिन्न जिलों से 430 मजिस्ट्रेटों की प्रतिनियुक्ति की जाएगी। इनकी तैनाती मंदिर परिसर, कांवरिया पथ, प्रमुख चौक-चौराहों, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, पार्किंग स्थल तथा संवेदनशील स्थानों पर रहेगी।
इन अधिकारियों की जिम्मेदारी केवल कानून-व्यवस्था तक सीमित नहीं होगी, बल्कि भीड़ नियंत्रण, आपदा प्रबंधन, यातायात संचालन, श्रद्धालुओं की सुविधा और प्रशासनिक समन्वय पर भी विशेष नजर रहेगी।

24 घंटे सक्रिय रहेगी पुलिस व्यवस्था

श्रावणी मेले के दौरान पुलिस बल की तैनाती चौबीसों घंटे रहेगी। संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल, क्विक रिस्पांस टीम और निगरानी व्यवस्था को मजबूत किया जाएगा। किसी भी अप्रिय घटना की सूचना मिलते ही तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने की तैयारी की गई है।

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आस्था के सबसे बड़े पर्व की सबसे बड़ी परीक्षा

हर वर्ष लाखों शिवभक्त सुल्तानगंज से जल लेकर बाबा बैद्यनाथ धाम पहुंचते हैं। ऐसे में श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुगम आवागमन और व्यवस्थित दर्शन सुनिश्चित करना प्रशासन के लिए सबसे बड़ी जिम्मेदारी होती है। इस वर्ष प्रशासन की रणनीति साफ दिखाई दे रही है मानवीय सतर्कता और आधुनिक तकनीक का समन्वय।

संदेश साफ - सुरक्षा से नहीं होगा कोई समझौता

प्रशासन की तैयारियां यह संकेत दे रही हैं कि इस बार श्रावणी मेला केवल परंपराओं का नहीं, बल्कि स्मार्ट मैनेजमेंट और हाईटेक सुरक्षा व्यवस्था का भी उदाहरण बनने जा रहा है। पुलिस प्रशासन से लेकर जिला प्रशासन तक हर विभाग अंतिम तैयारियों में जुटा है ताकि बाबा नगरी आने वाले प्रत्येक श्रद्धालु को सुरक्षित, व्यवस्थित और सहज वातावरण मिल सके। अगर सभी तैयारियां तय योजना के अनुरूप धरातल पर उतरती हैं, तो श्रावणी मेला-2026 सुरक्षा और प्रबंधन के नए मानक स्थापित कर सकता है।

Location :  Deoghar

Published :  10 July 2026, 11:52 AM IST