
रोहिणी का जर्जर मकान बना डेंजर जोन (Img- X)
New Delhi: उत्तर-पश्चिमी दिल्ली के रोहिणी सेक्टर 15 से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक अत्यंत जर्जर और खतरनाक हो चुके तीन मंजिला मकान को असुरक्षित घोषित करते हुए दिल्ली नगर निगम (MCD) ने उसके बाहर बल्लियों का घेरा लगाकर एक तरह से 'लक्ष्मण रेखा' खींच दी है।
इतना ही नहीं, निगम ने मकान की दीवार पर बड़े-बड़े अक्षरों में 'डेंजर जोन' लिखवा दिया है ताकि लोग इससे दूरी बनाए रखें। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि एमसीडी के अधिकारियों ने चेतावनी का बोर्ड और बल्लियां लगाकर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लिया है, जबकि मकान किसी भी वक्त गिरकर बड़े हादसे का कारण बन सकता है।
रोहिणी सेक्टर 15 स्थित बी-ब्लॉक कृष्णा कुंज की बी-6 पॉकेट का मकान नंबर 18 पिछले चार सालों से जर्जर स्थिति में है। स्थानीय लोगों ने बताया कि इस इमारत की दयनीय हालत को देखते हुए उन्होंने कई बार निगम और प्रशासन से शिकायत की।
हालांकि, कार्रवाई के नाम पर नगर निगम ने अब तक तीनों मंजिलों के अलग-अलग मालिकों को 6 से 7 बार केवल कागजी नोटिस थमाए हैं। जमीनी स्तर पर इमारत को गिराने या उसकी मरम्मत कराने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया, जिससे इलाके के लोग लगातार डर के साये में जीने को मजबूर हैं।
स्थानीय रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन (RWA) के अध्यक्ष अतुल रणजीत कुमार ने बताया कि इस जर्जर भवन के आसपास 10 से 15 परिवार रहते हैं। इसके अलावा गली से रोजाना सैकड़ों राहगीर गुजरते हैं। यदि यह भवन अचानक ढह जाता है, तो भारी जान-माल का नुकसान हो सकता है।
आरडब्ल्यूए का कहना है कि उन्होंने आपदा प्रबंधन, दिल्ली नगर निगम और अग्निशमन विभाग के शीर्ष अधिकारियों से संपर्क किया है, लेकिन हर जगह से केवल आश्वासन ही मिला। अधिकारियों का रवैया ऐसा है जैसे वे किसी बड़े हादसे के होने का इंतजार कर रहे हों।
इस खतरनाक इमारत की एक मंजिल के मालिक इंद्रराज साहनी ने स्वीकार किया कि पूरा भवन बेहद खतरनाक स्थिति में है। उन्होंने बताया कि इस तीन मंजिला मकान के तीन अलग-अलग मालिक हैं। जब तक तीनों मालिक एक साथ बैठकर कोई सहमति नहीं बनाते या पुनर्निर्माण पर फैसला नहीं लेते, तब तक कोई कदम उठाना पाना मुश्किल हो रहा है। इसी मालिकाना हक और आपसी तालमेल की कमी के कारण समस्या जस की तस बनी हुई है और मासूम लोगों की जान जोखिम में पड़ी हुई है।
Location : New Delhi
Published : 2 October 2026, 9:49 AM IST