PM मोदी आज करेंगे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन। जेवर एयरपोर्ट पर यात्रियों को मिलेगी स्विस तकनीक और भारतीय संस्कृति की अनूठी झलक। जानें मिक्स्ड-रोटेशन गेट्स और डिजी-यात्रा जैसी सुविधाओं के बारे में विस्तार से।

नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट; जानें खास बातें (source: google)
Noida: उत्तर प्रदेश के जेवर में बना नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट आज इतिहास रचने जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज दोपहर इस भव्य एयरपोर्ट का उद्घाटन कर इसे देश की जनता को समर्पित करेंगे। दिल्ली-एनसीआर के लोगों के लिए यह महज एक एयरपोर्ट नहीं, बल्कि यह यात्रा के एक बिल्कुल नए और शानदार अनुभव की शुरुआत है।
यहां की सबसे बड़ी खूबी यह है कि इसे अंतरराष्ट्रीय मानकों और भारतीय परंपराओं को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। यह एयरपोर्ट न केवल उत्तर प्रदेश, बल्कि पूरे देश के आर्थिक विकास को नई रफ़्तार देने वाला है।
अक्सर देखा जाता है कि एयरपोर्ट पर सिक्योरिटी चेक के बाद यात्री बंद कमरों और एसी की हवा में थकान महसूस करने लगते हैं। लेकिन, नोएडा एयरपोर्ट ने इस सोच को बदल दिया है। यहां सुरक्षा जांच के बाद एक शानदार 'ओपन-एयर कोर्टयार्ड' बनाया गया है। यह एक खुला प्रांगण है, जहां यात्री उड़ान भरने से पहले खुली हवा और हरियाली के बीच बैठ सकेंगे। लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों के लिए यह सुविधा मानसिक शांति और ताजगी देने वाली साबित होगी, जो इसे भारत के अन्य एयरपोर्ट्स से पूरी तरह अलग बनाती है।
इस एयरपोर्ट को 'ओपननेस' यानी खुलेपन के सिद्धांत पर डिजाइन किया गया है। टर्मिनल की छतें काफी ऊंची रखी गई हैं, ताकि पैसेंजर्स को भीड़ के बीच भी घुटन महसूस न हो। प्राकृतिक रोशनी का यहां भरपूर इस्तेमाल किया गया है, जिससे अंदर का माहौल सकारात्मक रहता है। साथ ही, यह भारत के सबसे आधुनिक डिजिटल एयरपोर्ट्स में से एक है। डिजीयात्रा तकनीक की मदद से अब यात्रियों को लंबी लाइनों में लगने की जरूरत नहीं होगी। फेस रिकग्निशन एंट्री से लेकर बोर्डिंग तक का सफर बेहद आसान और कॉन्टैक्टलेस होगा।
भारत में पहली बार नोएडा एयरपोर्ट पर 'मिक्स्ड-रोटेशन गेट' की तकनीक अपनाई जा रही है। इसका सीधा मतलब यह है कि एक ही गेट से घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों उड़ानें संचालित की जा सकेंगी। इससे एयरलाइंस का समय बचेगा और विमानों की आवाजाही में देरी की संभावना कम हो जाएगी। यात्रियों के लिए इसका मतलब है- एक व्यवस्थित सफर और समय की पूरी बचत।
इसके अलावा, पूरे एयरपोर्ट के इंटीरियर में उत्तर प्रदेश की कला और संस्कृति की झलक दिखाई देगी, जो विदेशी पर्यटकों को भारत की पहली झलक यहीं दिखा देगी।